बृहस्पतिवार सुबह चार गाड़ियों में करीब 12 से अधिक अधिकारियों की सीबीआईटी अलीगढ़ पहुंची और सीजीएसटी कार्यालय पर कार्रवाई शुरू की। शाम तक तो तस्वीर साफ नहीं थी, मगर देर शाम यह बात उजागर हुई।
सुबह से जांच कर रही टीम देर रात सीजीएसटी के एक अधिकारी को अपने साथ गाड़ी से लेकर गई और कुछ देर बाद काफी दस्तावेजों सहित वापस लेकर आई। अब टीम उन्हें कहां लेकर गई, यह तो साफ नहीं हुआ। मगर चर्चा है कि अधिकारी के आवास से टीम यह दस्तावेज साथ लेकर आई है, जो जांच का हिस्सा हैं।
सीबीआई टीम किस मामले में आई, इसकी बेशक देर रात तक अधिकारिक पुष्टि नहीं हो सकी। मगर विभागीय सूत्रों की मानें तो यह टीम यहां से जुड़ी भ्रष्टाचार की एक शिकायत और एनसीआर के किसी जमीन घोटाले से जुड़ी जांच में आई थी। बताया गया है कि महकमे के काफी बड़े औहदे पर मौजूद अधिकारी पर जांच टीम ने शिकंजा कसा है। सच क्या है ये तो सीबीआई साफ करेगी और आगे क्या होगा, इस विषय में स्थानीय कार्यालय के अधिकारी पूरी तरह अंजान हैं। सीबीआई सूत्र बताते हैं कि शुक्रवार को इस विषय पर गाजियाबाद में लिखा पढ़ी पूरी कर आगे कार्रवाई तय की जाएगी।
मैं निजी काम से आज सुबह से आगरा में हूं। इतना पता चला है कि दफ्तर में सीबीआई टीम पहुंची है और किसी अधिकारी के विषय में कोई शिकायत हुई है। इसी को लेकर जांच करते हुए टीम कुछ घंटे रुकी है। इस दौरान मौजूद पूरे स्टाफ के मोबाइल तक बंद करा दिए गए। इसलिए ज्यादा किसी से बात नहीं हो सकी। अब किसी को साथ ले गई या नहीं, ये बात स्पष्ट नहीं हो सकी है।-एसके माहौर, असिस्टेंट कमिश्रर, सेंट्रल जीएसटी अलीगढ़
सेंट्रल जीएसटी का कार्यालय शहर में जिस इलाके में है, वह बेहद व्यस्त इलाका है। आसपास में कुछ दुकानें और आवास भी हैं। कार्यालय पसिर में नए कार्यालय का निर्माण भी हो रहा है। जब वहां लोगों से जानकारी की गई तो इतना ही पता चला कि सुबह नौ बजे से कोई टीम बाहर से विभागीय जांच के लिए आई है। बाकी इसके अलावा कोई कुछ नहीं बता सका। मगर जैसे-जैसे शाम होने लगी और अंदर से सीबीआई टीम का ही एक कर्मचारी बार-बार पीने के लिए पानी व खाने पीने की अन्य वस्तुएं दुकान से लेकर जाने लगा, तब जाकर लोग हैरान हुए। तक कानाफूसी से यह बात बाहर आई कि यह सीबीआई टीम है और किसी भ्रष्टाचार से जुड़े मामले में अधिकारियों को हिरासत में लेकर जाने की तैयारी में है। देर रात टीम ने खाना भी वहीं मंगवाया।
अंदर मौजूद लोगों के करीबियों और रिश्तेदारों का जमावाड़ा लगा
शाम तक तो सब कुछ सामान्य रहा। मगर जब शाम को दफ्तर बंद होने के समय के बाद भी अंदर मौजूद स्टाफ के लोग बाहर नहीं गए और उनके मोबाइल तक बंद रहे, तब उनके करीबी व रिश्तेदार जानकारी करने वहां पहुंचे। मगर अंदर प्रवेश न मिलने पर सभी हैरान हुए। इसके बाद देर रात उनके विषय में खबरें छनकर बाहर आने लगीं। हालांकि यह उन्हें स्पष्ट नहीं हो पा रहा था कि किन लोगों को सीबीआई ने रडार पर लिया है। किन लोगों पर कार्रवाई की तैयारी है।