अस्पताल पहुंचे विधायक वीरेंद्र सिंह लोधी से बातचीत में भतीजे व बेटे ने बताया कि आपसे भी तो कुछ देर पहले बात हुई थी। ब्रीफकेस तैयार करवाया था। विधायक ने बताया कि मैंने खुद आगरा आने के लिए बोला था। मगर संदीप ने कह दिया कि आज एटा जा रहा हूं। फिर वहां से आऊंगा। अगर आगरा आ जाते तो शायद यह घटना नहीं होती।
रिवार के सदस्यों के अनुसार खुद संदीप के पास अपनी लाइसेंसी माउजर थी। वह हर समय खुद के पास रखते थे। एटा जनपद से अनुमन्य गनर संदीप पाल, निजी गनर धर्मेंद्र भी हमेशा खुद की गाड़ी में साथ बैठते थे। यह पहली बार हुआ कि उन्हें अल्ट्राटेक कंपनी के अधिकारी की स्कार्पियो में बैठाकर कह दिया था कि आप लोग ग्रीन पार्क पहुंचो। कुल मिलाकर आज ये सब घटनाक्रम बनते चले गए।
पुलिस और परिवार के लोगों को अभी तक इस सवाल का जवाब नहीं मिला है कि आखिर शूटर कहां से पीछे लगे होंगे। चूंकि पुलिस सूत्रों के अनुसार अब तक सीसीटीवी में बलैनो सवार बदमाश दुबे पड़ाव से महाजन पुल के रास्ते रामघाट रोड पर आते दिखाई दिए हैं। बाकी सच्चाई के लिए पुलिस की एक टीम रात में नगर निगम के कंट्रोल रूम की बारीकी से मॉनीटरिंग कर रही है।
संदीप की गाड़ी चलाने वाले ड्राइवर रनवीर सिंह के अनुसार वह 25 साल से संदीप की गाड़ी चला रहा है। रनवीर के अनुसार सबसे खास बात है कि उन्होंने अपने व्यापार में अलीगढ़ के अलावा बरेली, मेरठ व गाजियाबाद आदि जगहों पर अलीगंज से ही कर्मचारी लगा रखे हैं। वे सभी उनके बेहद विश्वास पात्र हैं।
इस घटना में एक सवाल पुलिस के सामने यह भी खड़ा हो रहा है कि कोई अपना ही भेदिया तो नहीं, जो पूरी लोकेशन शूटरों को दे रहा हो। डीआईजी कार्यालय से निकलने के बाद वे सीधे अपने दफ्तर पहुंचे हैं और वहां से ग्रीन पार्क के लिए निकले हैं। इसी बीच घटना हो गई।
संदीप का कारोबारी साम्राज्य जिस तरह फैला हुआ है। उसी तरह एटा जनपद के बड़े समाजसेवी व दानदाता के रूप में भी उनकी पहचान है। खबर मिलने पर अस्पताल पहुंच रहे एटा के लोग कहते रो जा रहे थे कि एटा के लोगों को समाजसेवा के जरिये हमेशा मदद करना और दान करके कमजोर व निर्बल लोगों की मदद करना उनकी पहचान थी। सिरसागंज के कुछ परिवारों को तो उन्होंने एक तरह से गोद ले रखा था। उनकी हर स्तर पर मदद करते थे।
इस घटना का संज्ञान खुद मुख्यमंत्री कार्यालय ने लिया है। देर रात तक डीआईजी व एसएसपी से डीजीपी, प्रमुख सचिव गृह व मुख्यमंत्री कार्यालय से इस घटना को लेकर अपडेट लिया जा रहा था। चूंकि बड़े कारोबारी और सियासी संपर्क रखने वाले व्यक्ति की हत्या हुई है। इसलिए अधिकारियों ने हर कदम फूंक फूंककर रखना शुरू कर दिया है।
इस घटना को लेकर प्रदेश सरकार के नागरिक उड्डयन मंत्री नंदगोपाल नंदी ने एसएसपी से वार्ता कर अपडेट लिया है। एसएसपी ने उन्हें बताया है कि हमले में शामिल रही कार बरामद कर ली गई है। बदमाशों को तलाश कराया जा रहा है।