बरौला पुल के नीचे बृहस्पतिवार शाम दिल्ली-हावड़ा राजधानी ट्रेन की चपेट में आकर मृत दोनों युवकों की पहचान हो गई है। दोनों दोस्त थे और कांच की मूर्तियां बनाकर फेरी लगाकर बेचने का धंधा करते थे। इनमें से एक युवक पलवल का तो दूसरा मेरठ का रहने वाला था। मौत की खबर पर दोनों परिवारों में कोहराम मच गया है।
वाकया बृहस्पतिवार शाम करीब सात बजे का है, जब बन्नादेवी क्षेत्र के बरौला पुल के नीचे रेलवे ट्रैक पार करते समय राजधानी ट्रेन की चपेट में आकर दो युवकों की मौत हो गई थी। पुलिस के अनुसार, उनकी पहचान पलवल (हरियाणा) कैलाश नगर के 21 वर्षीय विष्णु पुत्र नत्थू राम व मेरठ के मलियाना नई बस्ती के 22 वर्षीय भोलू पुत्र ओंकार के रूप में हुई है। खबर पर यहां पहुंचे परिजनों ने बताया कि विष्णु कांच की मूर्तियां बनाकर फेरी लगाकर बेचने का काम करता था। उसका दोस्त भोलू भी उसके साथ इसी धंधे में शामिल था। पिछले 20 दिन से वे दोनों विष्णु की बरौला में रहने वाली मौसी के घर थे और फेरी लगाकर मूर्तियां बेच रहे थे। बाजार से लौटते समय ट्रेन की चपेट में आने से उनकी मौत हो गई। जब विष्णु व भोलू मौसी के घर नहीं पहुंचे तो मौसी ने तलाश शुरू की। इसी बीच उन्हें दोनों की मौत की खबर मिली। बाद में उन्होंने दोनों के शवों को कपड़े आदि के आधार पर पहचान लिया। बन्नादेवी पुलिस के अनुसार शुक्रवार दोपहर दोनों के शव परिजन अपने साथ ले गए।
भोलू का फाइल फोटो।- फोटो : CITY OFFICE