जिला पंचायत अध्यक्ष पद चुनाव के लिए तीन जुलाई को मतदान है। भाजपा नेता नामांकन के दिन यानी 26 जून को ही अपने प्रत्याशी को निर्विरोध निर्वाचत कराने का प्रयास कर रहे हैं। अब देखना दिलचस्प होगा कि भाजपा नेता अपनी रणनीति में कितने कामयाब होते हैं।
जिला पंचायत राजनीति के दिग्गज खिलाड़ी ठाकुर जयवीर सिंह के फार्म हाउस पर बैठक के बाद भाजपा नेता दावा कर रहे हैं ठाकुर श्यौराज सिंह की पत्नी एवं एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया की समधन विजय सिंह का जिला पंचायत अध्यक्ष की कुर्सी पर बैठना तय है। सूत्रों की माने तो जिला पंचायत के निर्वाचित 80 प्रतिशत से अधिक सदस्यों का प्रमाण पत्र हाईकामन तक पहुंचा दिया गया है। चर्चा तो यहां तक है कि सपा एवं बसपा के सदस्य भी उनके हाथ से निकलकर भाजपा की गोद में बैठ गए हैं। रालोद के भी कई सदस्य भाजपा के संपर्क में है। भाजपा के जिलाध्यक्ष चौधरी ऋषिपाल सिंह का दावा है कि विजय सिंह का अध्यक्ष बनना तय है। भाजपा के पास 40 से अधिक सदस्य हैं। अब देखना दिलचस्प होगा कि जिला पंचायत अध्यक्ष पद की राजनीति में विरोधी दल के नेता भाजपा की रणनीति को भेद पाते हैं या नहीं। दलगत आधार पर देखे तो भाजपा के सिर्फ 9 सदस्य जीत कर आए हैं। बागी बनकर चुनाव जीतने वाले छह सदस्यों को भी भाजपा नेता अपने खाते में जोड़ रहे हैं।
हाथरस की राजीति में जयवीर की एंट्री
अलीगढ़। अलीगढ़ के बाद हाथरस की राजनीति में भी ठाकुर जयवीर सिंह की एंट्री हो गई है। चर्चा है कि प्रदेश नेताओं द्वारा हाथरस में जिला पंचायत की राजनीति में पार्टी का परचम लहराने के लिए जयवीर सिंह को भी जिम्मेवारी सौंपी गई है। पूछे जाने पर जयवीर सिंह ने भी स्वीकारा कि प्रदेश नेतृत्व ने हाथरस का प्रभार दिया है। हाथरस में भाजपा का जिला पंचायत अध्यक्ष बनेगा। हाथरस के जिलाध्यक्ष गौरव आर्य का कहना है कि इस संबंध में लिखित या मौखिक जानकारी उन्हें नहीं दी गई है।