अलीगढ़-हाथरस स्थानीय प्राधिकारी चुनाव में भाजपा प्रत्याशी चौ. ऋषिपाल सिंह को निर्विरोध एमएलसी (विधान परिषद) घोषित कर दिया गया। बृहस्पतिवार को नामांकन वापसी का समय पूरा होने के बाद डीएम सेल्वा कुमारी जे. ने प्रदेश निर्वाचन कार्यालय से अनुमति लेकर उनके निर्वाचन की घोषणा कर दी। इसके बाद कलेक्ट्रेट में भाजपा प्रत्याशी को प्रमाणपत्र सौंप दिया गया। इस मौके पर बड़ी संख्या में भाजपाई मौजूद रहे।
एमएलसी चुनाव को लेकर सोमवार को भाजपा प्रत्याशी चौधरी ऋषिपाल सिंह व सपा प्रत्याशी जसवंत सिंह यादव ने नामांकन किया था। मंगलवार को नामांकन पत्र की जांच में भाजपा प्रत्याशी की ओर से सपा प्रत्याशियों के दस में से तीन प्रस्तावकों पर संदेह जताते हुए आपत्ति जता दी थी। आरोप था कि प्रस्तावक सरबती देवी, गुड्डी देवी व प्रमोद कुमार के हस्ताक्षर व अंगूठा निशानी उनके नहीं हैं और फर्जी हैं। डीएम व जिला निर्वाचन अधिकारी सेल्वा कुमारी जे. ने सपा प्रत्याशी जसवंत सिंह यादव को नोटिस देकर आपत्ति का जवाब देने को कहा तो वे अपने दो प्रस्तावक सरबती देवी व गुड्डी को ही प्रस्तुत कर सके। तीसरे प्रस्तावक प्रमोद कुमार निवासी सराय महामाई, सिकंदराराऊ, हाथरस खुद तो हाजिर नहीं हुए, लेकिन अधिवक्ता के माध्यम से साफ किया कि नामांकन पत्र पर उन्होंने हस्ताक्षर नहीं किए हैं।
इसके बाद डीएम ने आरपी एक्ट 36 में प्रदत्त अधिकारों का प्रयोग करते हुए सपा प्रत्याशी जसवंत सिंह यादव का नामांकन खारिज कर दिया था। बृहस्पतिवार को दोपहर तीन बजे नामांकन वापसी का समय पूरा हो जाने व प्रदेश निर्वाचन कार्यालय से अनुमति लेकर डीएम सेल्वा कुमारी जे. ने भाजपा प्रत्याशी को निर्विरोध घोषित कर दिया। इसके बाद उन्हें निर्वाचन का प्रमाणपत्र भी सौंप दिया। इस मौके पर पूर्व एमएलसी चौधरी सुनील सिंह, पूर्व सांसद राजकुमारी चौहान, पूर्व जिला पंचायत अध्यक्ष उपेंद्र सिंह नीटू, शिवनारायण शर्मा, अवध सिंह आदि मौजूद रहे। उन्होंने नारेबाजी करते हुए नव निर्वाचित एमएलसी चौ. ऋषिपाल सिंह का जोरदार स्वागत किया।