अलीगढ़ के साथ कासगंज, एटा और हाथरस जिले के माननीयों में से 250 प्रस्ताव विधायक और विधान परिषद सदस्यों ने तैयार किए हैं, बाकी सांसदों की ओर से प्रस्ताव भेजे हैं। विभाग के पास पहले से 1109 और अब इन्हें मिलाकर 2750 करोड़ के 2309 काम हो जाएंगे, जिन्हें बिटुमिन की कमी के चलते तय समय पर पूरा कर पाना संभव नहीं है।
बिटुमिन महंगा, सड़कें और महंगी
निर्माण क्षेत्र से जुड़े विशेषज्ञों के अनुसार ए-ग्रेड बिटुमिन की कीमतों में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। जो बिटुमिन कुछ माह पहले करीब 60 रुपये प्रति किलोग्राम मिल रहा था, वह अब 90 रुपये प्रति किलोग्राम तक पहुंच गया है। एक किलोमीटर सड़क निर्माण में करीब 150 टन बिटुमिन की जरूरत पड़ती है। इससे परियोजनाओं की लागत और समय-सीमा दोनों प्रभावित हो रही हैं।
चुनावी साल की सबसे बड़ी परीक्षा
विभागीय अधिकारियों का कहना है कि बिटुमिन की उपलब्धता बढ़ाने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। यदि आपूर्ति में सुधार होता है तो निर्माण कार्यों की गति बढ़ाई जा सकती है। हालांकि चुनावी वर्ष में हजारों करोड़ रुपये की सड़क और पुलिया परियोजनाओं को समय पर पूरा करना विभाग के लिए किसी बड़ी परीक्षा से कम नहीं होगा।
बिटुमिन की आपूर्ति लड़खड़ा गई है। ए-ग्रेड बिटुमिन की काफी किल्लत है। हर संभव प्रयास कर इसकी उपलब्धता सुनिश्चित कराई जा रही है। वित्तीय वर्ष 2026-27 के नए 1200 प्रस्ताव मंजूरी के लिए शासन को भेजे गए हैं। वर्ष 2025-26 के शेष 1109 कार्य भी जारी हैं, जिन्हें जल्द पूरा किया जाएगा। - प्रभात कुमार चौधरी, अधीक्षण अभियंता, पीडब्ल्यूडी