दिल्ली के शाहीन बाग आंदोलन से जुड़े सुप्रीम कोर्ट के वरिष्ठ अधिवक्ता महमूद प्राचा ने कहा है कि जल्द ही पूरे देश में नागरिकता संशोधन कानून और एनआरसी के खिलाफ एक बड़ा आंदोलन शुरू होगा।
महमूद प्राचा शनिवार को अलीगढ़ में इसी मुहिम के सिलसिले में आए थे। अमर उजाला से विशेष बातचीत में उन्होंने कहा कि यह आंदोलन नागरिकता और संविधान दोनों को ही बचाने के लिए शुरू किया जाएगा।
वह प्रत्येक शहर में जाकर इसके लिए लोगों को जागरूक कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि अलीगढ़ में इस आंदोलन की भूमिका बहुत महत्वपूर्ण रहेगी। क्योंकि अलीगढ़ से एक संदेश पूरे देश और दुनिया में जाता है। इसलिए इस आंदोलन के लिए अलीगढ़ बेहद खास है।
उन्होंने कहा कि जिस तरह पुरी की जगन्नाथ यात्रा को सशर्त अनुमति दी गई कि 500 से अधिक लोग इस रथयात्रा में उपस्थित नहीं होंगे। इसी तरह हमने सुप्रीम कोर्ट से मांग की है कि मोहर्रम के जुलूस को भी शर्तों के साथ अनुमति दी जाए। क्योंकि जो नियमन एक धर्म के लिए हो सकता है, वह अन्य धर्म पर भी लागू हो सकता है।
उन्होंने कहा कि नागरिकता संशोधन कानून के खिलाफ आंदोलन करने वाले लोगों को झूठे मुकदमे लगा कर जेलों में बंद किया गया। उन्हें देश के सामने खलनायक प्रस्तुत किया गया जो कि उचित नहीं है। अब वह सही तस्वीर सामने लाएंगे।