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Aligarh: महिला जिला अस्पताल में स्टाफ को तीमारदारों ने पीटा, गार्ड को छत से फेंकने का प्रयास, दो गिरफ्तार

Fri, 15 Nov 2024 10:29 AM IST
चमन शर्मा अमर उजाला नेटवर्क, अलीगढ़

सार

बच्चे को उपचार कराने आए तीमारदारों ने गार्ड के साथ मारपीट की और उसे दूसरी मंजिल की ओर खींच कर ले गए। दूसरी मंजिल से गार्ड को नीचे फेंकने का प्रयास किया। गार्ड को बचाने पहुंची महिला स्टाफ को भी लोगों ने धक्का मार दिया।
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सीसीटीवी वीडियो में कैद हुए मारपीट के आरोपी - फोटो : वीडियो ग्रैब
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विस्तार
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14 नवंबर की देर रात को मोहनलाल गौतम महिला जिला अस्पताल में बीमार बच्चे को लेकर पहुंचे लोगों ने जमकर बवाल काटा। यह लोग उस वक्त भड़के जब गेट पर मौजूद सिक्योरिटी गार्ड ने कहा कि यहां केवल 28 दिन के बच्चे का इलाज होता है। आपका बच्चा बड़ा है लिहाजा उसे किसी दूसरे अस्पताल लेकर जाइए। गार्ड के इस जवाब पर बच्चे के साथ आए लोग भड़क गए और गार्ड को पीटना शुरू कर दिया। गार्ड यहां से भागकर छत पर पहुंचा तो लोग वहां भी जा पहुंचे और उसे छत से फेंकने की कोशिश की। इस दौरान अस्पताल के कर्मियों को भी पीटा। अस्पताल कर्मियों का आरोप है कि दहशत फैलाने के लिए फायरिंग भी की गई। पुलिस ने सीसीटीवी फुटेज से लोगों की पहचान कर ली। दो को गिरफ्तार भी कर लिया गया है।

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सीओ बन्ना देवी संजीव तोमर के मुताबिक, बन्नादेवी क्षेत्र के सिद्धार्थ नगर निवासी दीसांशु उर्फ देव के दो माह के बेटे अभ्यांश की रात में तबीयत बिगड़ गई। रात करीब 11 बजे वह अपने बेटे को पत्नी के साथ बाइक पर लेकर रसलगंज स्थित मोहनलाल गौतम महिला जिला अस्पताल पहुंचा। साथ में दोस्त आयुष शर्मा निवासी आईटीआई रोड व आकाश चौहान निवासी सिद्धार्थ नगर भी थे। इन लोगों ने अस्पताल की इमरजेंसी में घुसते समय निजी गार्ड नरेंद्र निवासी सराय वृंदावन, सासनीगेट से डॉक्टर के बारे में जानकारी ली। 
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गार्ड नरेंद्र कुमार ने बच्चे की उम्र जानने के बाद कहा कि यहां तो 28 दिन के बच्चे का ही इलाज होता है। आपका बच्चा दो माह का है और देखने से अधिक बीमार लग रहा है। इसके उपचार की यहां सुविधा नहीं है। आप सामने वाले मलखान सिंह जिला अस्पताल में या फिर किसी अन्य अस्पताल में ले जाओ। गार्ड नरेंद्र कुमार का आरोप है कि इसी बात पर दिसांशु व उसके दोस्त बिफर गए मारपीट करने लगे। शोर मचाते हुए गार्ड खुद को बचाने के लिए पहली मंजिल पर भागा तो आरोपी उसके पीछे दाैड़ते हुए पहुंच गए और यहां भी गार्ड से मारपीट की। फिर उसे छत से फेंकने का भी प्रयास किया। इस बीच महिला स्टाफ प्रवेश शर्मा व गीता देवी गार्ड को बचाने के लिए पहुंची तो आरोपियों ने उनके साथ भी मारपीट कर दी। 
 

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मुकदमा दर्ज, दो आरोपी दबोचे

शोर-शराबा व चीख -पुकार सुनकर वहां तमाम तीमारदार व स्टाफ को आता देख आरोपियों ने हाथों में पिस्टल-तमंचे निकाल लिए और पांच-छह राउंड तक फायरिंग करते हुए धमकाते हुए बाइकों पर सवार होकर भाग गए। सूचना पर थाना बन्नादेवी, देहलीगेट व गांधीपार्क समेत कई थानों की पुलिस के साथ-साथ सीओ प्रथम व द्वितीय आदि भी पहुंच गए। पुलिस ने मारपीट में घायल गार्ड नरेंद्र कुमार व गीता देवी का मेडिकल परीक्षण कराया गया। सीएमएस डाॅ. तैयब खान भी आ गए। 

अधिकारियों ने अस्पताल में लगे सीसीटीवी कैमरों की फुटेज को देखा तो उसमें मारपीट करने वाले हमलावरों के साथ ही दो बाइक नंबर भी कैद पाए गए। गार्ड की तहरीर पर दीसांशु उर्फ देव, आयुष शर्मा व आकाश चौहान समेत तीन नामजद व कुछ अज्ञात के खिलाफ मुकदमा दर्ज कराया है। उधर चेकिंग के दौरान पुलिस ने सुरक्षा विहार तिराहे से दीसांशु व आयुश को दबोच लिए। पुलिस का कहना है कि रोकने पर इन्होंने फायरिंग की थी। इनके पास से एक पिस्टल, चार कारतूस व खोखा आदि बरामद किए गए।
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