जिला पंचायत अध्यक्ष पद पर समाजवादी-रालोद गठबंधन की प्रत्याशी अर्चना यादव के समर्थन में क्वार्सी स्थित सपा कार्यालय पर शनिवार सुबह से ही भीड़ जुट गई। कोरोना प्रोटोकाल के मद्देनजर छोटे जुलूस के साथ सपा कार्यकर्ता तस्वीर महल चौराहे पर पहुंचे। वहां पर पुलिस ने गाड़ियों के काफिले को रोक लिया। इसके बाद सपाई पैदल कलक्ट्रेट के मुख्य गेट पर पहुंचे। यहां सुरक्षा का हवाला देकर पुलिस ने कार्यकर्ताओं को रोक लिया। इसमें अर्चना यादव के पति संजय यादव को भी रोका गया। हालांकि, अर्चना यादव प्रस्तावक और अनुमोदक के साथ अंदर पहुंच गई थी।
संजय यादव को रोके जाने से सपा कार्यकर्ता भड़क गए और नारेबाजी करने लगे। इसी बीच वहां पहुंची पूर्व मेयर शकुंतला भारती आई और पुलिस पर धौंस जमाते हुए अंदर चली गई। ये देख कर सपाई और आक्रोशित हो गए। संजय यादव के समर्थन में पुलिस से कहासुनी शुरू हो गई। जिसके बाद संजय को अंदर प्रवेश दिया गया। इस दौरान लगभग 40 मिनट का समय गुजर गया था। पत्नी अर्चना यादव के कलेक्ट्रेट में अंदर जाने के लगभग 40 मिनट बाद संजय यादव को प्रवेश मिल सका। इस दौरान पूर्व विधायक हाजी जमीरउल्लाह की भी पुलिस वालों से बहस हुई थी।
कलक्ट्रेट में पूर्व जिलाध्यक्ष अशोक यादव, जिला महासचिव मुकेश माहेश्वरी, महानगर अध्यक्ष अब्दुल हमीद घौसी, महानगर महासचिव मनोज यादव, महिला सभा की अध्यक्ष गुलस्ताना, जिला उपाध्यक्ष रतनाकर पांडेय, शाकिर अंसारी, राष्ट्रीय कार्यकारिणी सदस्य विनोद सविता, शान मियां, धनीपुर के पूर्व ब्लाक प्रमुख तेजवीर सिंह, अफजाल हमीद आदि मौजूद रहे। सपाइयों ने नामांकन के दौरान पुलिस से लेकर अधिकारियों तक बहस की।
12वीं तक पढ़ी हैं अर्चना यादव और विजय सिंह
जिला पंचायत अध्यक्ष पद की दौड़ में शामिल सपा की अर्चना यादव और भाजपा की विजय सिंह ने 12वीं कक्षा तक पढ़ाई की है। अर्चना यादव ने एटा के आरबीएल इंटर कॉलेज से वर्ष 1991 में 10वीं और 1993 में 12वीं की पढ़ाई की। इधर, भाजपा प्रत्याशी विजय सिंह ने बरौली इंटर कॉलेज, बरौली से 1983 में 10वीं और 1985 में 12वीं की पढ़ाई की है।