अलीगढ़ शहर की सभी मस्जिदों से शब-ए-बारात के मौके पर कब्रिस्तान, दरगाह में न जाने का फरमान जारी कर दिया गया है। मस्जिदों से जारी फरमान में कहा गया है कि कोरोना वायरस संक्रमण के चलते सोशल डिस्टेंसिंग का ख्याल रखा जाए।
ऐसा बिल्कुल न हो कि त्योहार के नाम पर भीड़ लगा ली जाए। यह न तो सेहत के लिए ठीक है और न ही देश हित में। इसलिए शहर मुफ्ती के फतवे को आप मानिए और अपने घरों में ही इबादत और कुरान की तिलावत करें।
मस्जिदों में इबादत करने के लिए कतई न आएं और न ही कब्रिस्तान की ओर रुख करें। मस्जिद से यह भी एलान किया गया कि कल शब-ए-बारात है, लेकिन आतिशबाजी से परहेज करना चाहिए।
क्योंकि पूरी दुनिया कोरोना वायरस संक्रमण से जूझ रही है तो ऐसे में खुशियां मनाना गैर शरई है और इस्लाम भी इस बात की इजाजत नहीं देता कि लोग आतिशबाजी करें।