जेल में बंद एएमयू छात्रसंघ के पूर्व उपाध्यक्ष हमजा सूफियान व पूर्व सचिव हुजैफा आमिर के समर्थन में विद्यार्थियों ने लाइब्रेरी कैंटीन से चुंगी तक पैदल मार्च निकाला। इस दौरान डीएम को संबोधित चार सूत्री ज्ञापन एसीएम द्वितीय डॉ. प्रवीण यादव को सौंपा गया।
शनिवार शाम करीब पांच बजे छात्र नेता जानिब हसन व फराहम अली पुंढीर की अगुआई में पैदल मार्च निकला। छात्रों के हाथों में छात्र नेताओं के समर्थन में बैनर थे। छात्र नेताओं ने कहा कि 35 दिनों से ज्यादा समय से दोनों छात्रनेता जेल में बंद हैं। राजनीतिक षडयंत्र व दबाव में उन पर कई मुकदमे लगा दिए गए हैं।
सबको पता है यह मुकदमे फर्जी हैं। उनसे छात्रों की तरह ही व्यवहार करना चाहिए, न कि अपराधी की तरह। छात्र नेताओं ने कहा कि वह जेल में बंद छात्र नेताओं के साथ खड़े हैं। इस अवसर पर पूर्व छात्रसंघ अध्यक्ष सलमान इम्तियाज, मोहम्मद नदीम, मुईन उद्दीन, अर्शे आलम, खालिद, मंसूर, आतिफ, इब्राहीम, उमर फारूक, फैजान घोसी आदि मौजूद रहे।
उधर, भाजपा के मीडिया प्रभारी व एएमयू के पूर्व छात्र डॉ. निशित शर्मा ने कहा कि पूर्व सचिव व पूर्व उपाध्यक्ष अपराधी के तौर पर जेल में बंद हैं। उनके ऊपर जानलेवा हमला करने के संगीन आरोप हैं। पुलिस ने भी अपनी विवेचना में इन सभी को आरोपी सिद्ध किया है और अब यह विषय न्यायालय तक जा चुका है।
इस प्रकार के असफल आयोजन कर यह छात्र नेता अपराधियों के समर्थन की बात कर रहे हैं। आम छात्रों का अब इन नेताओं से विश्वास उठ चुका है, इसलिए इनके आयोजन में भीड़ भी नहीं है।