जलाली चौकी प्रभारी पर गांव बहरामपुर निवासी व्यक्ति ने प्लॉट खाली करने के लिए दबाव बनाने का आरोप लगाया है। मामले की शिकायत उसने एसएसपी को पंजीकृत डाक के माध्यम से की है। शिकायतकर्ता ने मानसिक प्रताड़ना का आरोप लगाते हुए कार्रवाई की मांग की है।
आरोप लगाया है कि दस साल पहले खरीदे गए प्लॉट को जबरन खाली कराने के लिए दरोगा ने मंगलवार को हवालात में बंद कर दिया, जहां कुछ घंटे बाद रात में हालत बिगड़ने पर पुलिसकर्मी उसे सीएचसी लेकर गए। वहां परिजनों को बुलाकर उसे सुपुर्द कर दिया।
नवी मोहम्मद पुत्र शहजाद खां ने बताया कि गांव की जायदा पत्नी जफरुद्दीन से दस साल पहले एक प्लॉट 55 हजार रुपये में खरीदा था, इसके बाद प्लॉट पर कब्जा कर लिया। उसे राजस्व विभाग द्वारा उनको घरौनी भी दी जा चुकी है।
पीड़ित का आरोप है कि प्लॉट बेचने के कुछ साल बाद जायदा की पुत्रवधू की मौत हो गई, जिसमें जायदा, उसके बेटे और बेटियों को लगभग छह साल जेल में रहना पड़ा। लगभग एक पखवाड़े पूर्व जेल से रिहा हुई जायदा अब प्लॉट वापस करने की धमकी दे रही है। मंगलवार को पुलिसकर्मी उसके एक बेटे को ले गए वह ह्रदय रोगी हैं, लेकिन एक नहीं सुनी। रात में दस बजे करीब हवालात में तबीयत बिगड़ने पर पुलिसकर्मी उन्हें सीएचसी लेकर गए, जहां इलाज कराते हुए परिजनों को सीएचसी बुला लिया। पीड़ित ने पूरे घटनाक्रम की थाने और अस्पताल के सीसीटीवी कैमरे में होने की दलील देकर जांच कर कार्रवाई की मांग की है। सीओ राजीव द्विवेदी ने बताया है कि प्रार्थना पत्र मुझे प्राप्त नहीं हुआ, मिलने पर जांच कर कार्रवाई की जाएगी।