रामघाट रोड इलाके के एक नर्सिंग होम में बृहस्पतिवार देर रात प्रसव के कुछ घंटे बाद महिला की मौत पर हंगामा हो गया। देर रात दोनों पक्षों में अस्पताल परिसर में ही समझौते की वार्ता चल रही थी।
अतरौली के नगाइचपाड़ा के आकाश वाल्मीकि की पत्नी रजनी को प्रसव के लिए रामघाट रोड स्थित नर्सिंग होम में भरती कराया गया, जहां सुबह 11 बजे ऑपरेशन से बेटी का जन्म हुआ। इसके बाद महिला की हालत बिगड़ने लगी। परिजनों का आरोप है कि शुरुआत में डॉक्टरों ने इसे गंभीरता से नहीं लिया और देर शाम तबियत ज्यादा बिगड़ने पर महिला को मेडिकल कॉलेज भेजने लगे।
पति का आरोप है कि अस्पताल प्रशासन बेहद जल्दबाजी कर रहा था, संदेह होने पर रजनी को देखा तो वह मृत थी। खबर पर देर रात अतरौली से अन्य तमाम परिजन भी आ गए, जहां हंगामा व नारेबाजी बढ़ गई। कुछ लोग एटा सांसद राजवीर सिंह से वार्ता कराने की जिद पर अड़ गए।
सीओ तृतीय व इंस्पेक्टर क्वार्सी भी पहुंच गए। लोगों को समझाकर शांत किया गया। इंस्पेक्टर के अनुसार मामले में स्टाफ पर लापरवाही का आरोप लगाकर तहरीर दी है। फिलहाल दोनों पक्षों में वार्ता चल रही है। अगर कार्रवाई की बात कही जाएगी तो पोस्टमार्टम आदि किया जाएगा। फिलहाल एहतियातन मामले पर नजर रखी जा रही है।
दीवानी गेट पर स्कूटर खड़ा करने पर बखेड़ा
दीवानी के गेट नंबर एक पर प्रवेश को लेकर अधिवक्ता ने बृहस्पतिवार सुबह स्कूटर खड़ाकर बखेड़ा खड़ा कर दिया। विवाद इस बात पर हुआ कि सुरक्षाकर्मी ने किसी अन्य का स्कूटर जाने दिया, जबकि इन अधिवक्ता को रोक दिया।
इससे खफा अधिवक्ता बीच गेट पर स्कूटर लगाकर चले गए। बाद में अन्य वाहनों की आवाजाही बाधित हुई। इस जानकारी पर बार सचिव देवेंद्र सिंह मौके पर पहुंचे। उन्होंने समझाकर स्कूटर हटवाया। तब जाकर करीब 30 मिनट बाद रास्ता साफ हुआ।