24 घंटे में पुलिस टीमों ने खंगाली संदीप से जुड़ीं अदावतें
पश्चिमी यूपी के बड़े कारोबारी की हत्या के बाद जिला पुलिस बेहद दबाव में है। साथ में एटा में जिस कदर तनाव पनपा हुआ है, उसकी वजह से अलीगढ़ पुलिस और ज्यादा दबाव में है। मगर पुलिस एक-एक कदम फूंक फूंककर रख रही है। खुद डीआईजी दीपक कुमार व एसएसपी कलानिधि नैथानी एक-एक बिंदु की मॉनीटरिंग कर रहे हैं। एसपी सिटी कुलदीप सिंह गुणावत की अगुवाई में सीओ तृतीय श्वेताभ पांडेय, सीओ प्रथम राघवेंद्र सिंह के नेतृत्व में पांच टीमें खुलासे में लगाई गई हैं। परिवार के सदस्यों से बातचीत, साथ रहने वालों से पूछताछ के जरिये पुलिस ने अब तक संदीप से जुड़ी उन अदावतों पर काम किया, जिनकी वजह से हत्या हो सकती है। इनमें पिछले 24 घंटे में पुलिस टीमों ने छह अलग अलग अदावतों को चिह्नित किया है। अब यह अध्ययन किया जा रहा है कि इन अदावतों में से कौन से ऐसे लोग हैं जो हत्या कराने तक का कदम उठा सकते हैं। इसके साथ ही शूटरों तक पहुंचने के लिए एक टीम को आगरा भेजा है। कुछ टीमें उन अलग-अलग जिलों में भेजी गई हैं, जहां संदीप के व्यापार के मुख्य केंद्र हैं। एक टीम को इन सभी अदावतों से जुड़े लोगों, उनके करीबियों, उनके आपराधिक रिश्तों आदि को सूचीबद्ध करने के लिए लगाया गया है।
हो सकता है समाज व व्यापार में बेइज्जती का बदला
सारसौल की इस अदावत के विषय में पुलिस को पता चला है कि इस परिवार पर एटा में मुकदमा दर्ज है। समझौते के नाम पर अब तक 22 नवंबर को 25 लाख रुपये दिए जा चुके हैं। इसके सुबूत भी मिल चुके हैं। 50 लाख रुपये और दिए जाने है। इस अदावत में समाज व व्यापार में बड़ी बेइज्जती हुई है। यह उसी का बदला हो सकता है। उसके क्वार्सी क्षेत्र के कुछ अपराधियों से भी रिश्ते उजागर हो रहे हैं।
दिन में घंटों घटनास्थल पर चली लोगों से पूछताछ
दोपहर में एसपी सिटी, सीओ उस घटनास्थल पर भी गए, जहां सोमवार देर शाम घटना हुई थी। वहां पान वाले दुकानदार, चंदनिया के रहने वाले विनोद नाम के ढकेल पर फल विक्रेता व अन्य आसपास के लोगों से पूछताछ की। सीसीटीवी के एंगल खंगाले। इस दौरान बस इतना साफ हुआ कि हम लोगों ने गोली चलने की आवाज सुनी तो ध्यान दिया तो इतना देख पाए कि दो युवक हाथ में हथियार लिए भागते हुए नीली कार में बैठ गए और क्वार्सी की ओर भाग गए।
-हमारी पांच टीमें इस घटना के खुलासे में लगी हुई हैं। व्यापारी संदीप गुप्ता की कुछ अदावतों को चिह्नित किया गया था। उन्हीं पर काम करते समय एक अदावत से जुड़ी संदिग्ध कार चिह्नित हुई है। वह कार भी बरामद कर ली गई है। उम्मीद है कि जल्द सफलता हाथ लगेगी।
- कलानिधि नैथानी, एसएसपी
--इन छह अदावतों पर हुआ काम--
1-डेढ़ दशक पुरानी अलीगंज से जुड़ी एक अदावत परिवार के स्तर से पुलिस जानकारी में आई है। हालांकि वह अब इतनी ज्वलंत नहीं है।
2-परिवार की एक बेटी सारसौल इलाके के ट्रांसपोर्टर परिवार में ब्याही थी, उसका रिश्ता टूटने के दौरान हुआ विवाद, जिसमें मुकदमेबाजी हुई। रिश्तेदार पक्ष पर एटा में दुष्कर्म का मुकदमा भी दर्ज कराया गया। बाद में भारी भरकम रकम में पिंका ठाकुर की मध्यस्थता से सुलह हुई। उसमें कुछ रकम मिलना भी शेष है। उस ट्रांसपोर्टर का बेटा अपने घर से अलग रह रहा है और मन में खुन्नस पाले है।
3-गभाना में एक सीमेंट कंपनी की फैक्टरी संदीप गुप्ता के सहयोग से स्थापित की जा रही थी। उसमें जमीन पर कब्जे को लेकर कुछ विवाद हुए। हाल ही के दिनों में ये विवाद संदीप ने पिंका ठाकुर की मदद से निपटवाया है। उसमें भारी भरकम रकम का लेनदेन होने की चर्चा है।
4-राजस्थान के करौली क्षेत्र से क्लिंकर रैक के ठेके पर संदीप गुप्ता ने कुछ साल पहले अपने सियासी व ब्यूरोक्रेसी के रसूख के दम पर आधिपत्य जमाया था। जिस पक्ष से यह आधिपत्य छीना गया था, वह भी इस फील्ड का बड़ा रसूखदार कहा जाता है।