आगरा में हो रही डिफेंस कॉरिडोर की मीटिंग में शामिल ।
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अलीगढ़ के हार्डवेयर कारोबारी सेना के अस्त्र शस्त्र समेत अन्य उपयोगी आयुध उपकरण बनाने के कारोबार से जुड़ेंगे। इस मामले में आगरा के होटल क्लार्क शीराज में मंगलवार को हुई यूपी डिफेंस प्रोडक्शन कॉरिडोर इंडस्ट्री इंट्रेक्शन मीट में शामिल हुए 50 कारोबारियों ने जल, थल और वायु सेना, डीआरडीओ, एचएएल समेत सेना व शासन से जुड़े प्रतिनिधियों के समक्ष अपने प्रोडक्ट एवं कामकाज का ब्यौरा दिया। इसके बाद इस योजना के पालिसी फ्रेम पर भी गहन चर्चा हुई।
चर्चा के बाद तय हुआ कि उद्यमियों को सेना संबंधी 275 आइटमों की लिस्ट दी जाए। ताकि वे अपनी क्षमता एवं पसंद के हिसाब से आइटम सलेक्ट कर कारोबार से जुड़ सकें। जीएम डीआईसी सुधांशु तिवारी ने बताया कि फरवरी माह में हुई यूपी इन्वेस्टर समिट में प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने कहा था कि रक्षा के क्षेत्र में मिनी, मीडियम एवं स्माल स्केल पर उद्यम करने वाले उद्यमियों के लिए 20 हजार करोड़ का इन्वेस्टमेंट किया जाएगा।
इसी दिशा में यूपी के इतिहास में पहली बार सेना की विभिन्न इकाइयाें और आगरा एवं अलीगढ़ के हार्डवेयर कारोबार से जुड़े उद्यमियों का वन टू वन इंट्रेक्शन औद्योगिक विकास सचिव संतोष कुमार की मौजूदगी में हुआ।
प्रमुख एक्सपोर्टर धनजीत वाड्रा ने बताया कि इस अवसर पर उद्यमियों से पूछा गया कि वे रक्षा उपकरणों के किस तरह के पार्ट्स बना सकते हैं, उनकी क्या क्षमता है और किस तरह वे इस क्षेत्र से जुड़ सकते हैं। अलीगढ़ में पूर्व में जिलाधिकारी रहे संतोष यादव ने ़सरकार का पक्ष रखा।
क्योंकि वो अलीगढ़ से परिचित हैं इसलिए उनसे बात करने में स्थानीय लोगों को सहजता महसूस हुई।
अलीगढ़ के कई उद्यमियों ने अपने सुझाव दिये और डिफेंस से संबंधित तमाम उपकरणों के प्रकार से लेकर उनके निर्माण के संबंध में विशेषज्ञों से जानकारी ली। इस मौके पर प्रमुख रूप से उद्यमी पवन खंडेलवाल, रोहित अग्रवाल, भाजपा नेता मानव महाजन, नेकराम शर्मा, चंद्रशेखर शर्मा, सौरभ अग्रवाल, अंशुमन अग्रवाल, वैभव राठी समेत अलीगढ़ के करीब 50 उद्यमी एवं आगरा के उद्यमी उपस्थित थे।