अलीगढ़ के जलाली कस्बा के गांव नगरिया भूड़ में हुई युवक की हत्या के बाद पोस्टमार्टम हाउस से बृहस्पतिवार शाम करीब सवा चार बजे शव गांव पहुंच गया। स्थानीय जाटव समाज के लोगों ने चेयरमैन जलाली पर अनदेखी का आरोप लगाते हुए अस्थाई श्मशान घाट में जलभराव होने की बात कह कर हंगामा कर दिया। चेयरमैन रोरन सिंह से नोंकझोंक हो गई। सीओ अतरौली व सीओ छर्रा ने सड़क पर अंतिम संस्कार करने का सुझाव दिया। लेकिन परिजनों ने खारिज कर दिया।श्मशान घाट और मुआवजे की मांग को लेकर एसडीएम कोल को बुलाने को लेकर धरना प्रदर्शन शुरू कर दिया।
करीब एक घंटे बाद एसडीएम कोल केबी सिंह राजस्व टीम के साथ गांव पहुंच गए। जहां भीम आर्मी, आजाद पार्टी तथा बसपाइयों के हंगामे के बाद एसडीएम ने श्मशान के लिए जमीन का मुआयना किया, लेकिन उचित जगह नहीं मिल सकी। करीब दो घंटे तक चले हंगामे के बाद बसपाइयों ने जिलाधिकारी के नाम ज्ञापन सौंपा, जिसमें मृतका की गर्भवती पत्नी को 25 लाख का मुआवजा, नामजदों की शीघ्र गिरफ्तारी, पीड़ित परिवार को सुरक्षा दिलाने आदि व्यवस्था कराने की मांग की। एसडीएम ने मौजूदा श्मशान घाट को एक सप्ताह के भीतर जलभराव से मुक्त कराने, मिट्टी भराव कर हैंडपंप लगवाने का वायदा किया है। पीड़ित परिवार को शासन प्रशासन से आर्थिक मदद दिलाने का भरोसा दिया है। जिसके बाद परिजनों ने धरना समाप्त कर दिया। दौरान बसपा जिलाध्यक्ष रतन दीप सिंह, तिलकराज यादव, पूर्व मंत्री चौधरी महेन्द्र सिंह, अशोक सिंह, गजराज विमल, रणवीर कश्यप, विजेन्द्र सिंह विक्रम, हरजीत सिंह, प्रताप सिंह आदि मौजूद रहे।
तिलकराज यादव ने दिलाया भरोसा, प्रशासन से नहीं मिली तो खुद देंगे ढाई लाख रुपये
एसडीएम के आश्वासन के बाद भीम आर्मी के लोगों ने तात्कालिक मदद देने की मांग को लेकर हंगामा कर दिया। जिसके बाद बसपा नेता व हरदुआगंज चेयरमैन तिलकराज यादव ने आश्वासन दिलाया कि यदि प्रशासन ने आर्थिक मदद न दी तो वह अपने पास से ढाई लाख रुपये की मदद देंगे।
लक्ष्मी धनगर ने की एक करोड़ की सहायता दिलाने की मांग
सपा नेता व अखिल भारतीय धनगर समाज महासंघ की राष्ट्रीय अध्यक्ष (महिला प्रकोष्ठ) व पूर्व सांसद प्रत्याशी लक्ष्मी धनगर ने गांव नगरिया भूड़ पहुंचकर हत्या पर गहरा शोक व्यक्त किया। परिजनों को सांत्वना दी। कहा कि शासन व प्रशासन गरीब, दलितों, कमजोर वर्गों को सुरक्षा देने में असफल हो रहा है। आए दिन कमजोर वर्गों का उत्पीड़न, अत्याचार व हत्याएं हो रही हैं। उन्होंने परिजनों के लिए सरकारी नौकरी व एक करोड़ की आर्थिक सहायता देने की मांग की