जिला पंचायत अध्यक्ष पद के चुनाव में रालोद नेता सपा प्रत्याशी अर्चना यादव का साथ देने की बात कहकर मैदान से हट गए हैं। अब अध्यक्ष पद के लिए सीधी टक्कर भाजपा की विजय सिंह एवं सपा की अर्चना यादव के बीच है। भाजपा के रणनीतिकार अभी भी निर्विरोध निर्वाचन की कोशिशों में जुटे हैं। 26 से 29 जून तक का समय जिले की राजनीति के लिए बहुत दिलचस्प है।
भाजपा के जिलाध्यक्ष चौधरी ऋषिपाल सिंह का दावा है कि 47 में से 40 से अधिक जिला पंचायत सदस्य भाजपा के साथ हैं। विजय सिंह की विजय तय है। शनिवार को विजय सिंह तीन सेट में नामांकन दाखिल करेंगी। 11 बजे सभी जनप्रतिनिधि एवं पार्टी नेताओं को बुलाया गया है। भाजपा के शीर्ष रणनीतिकार अभी भी निर्विरोध निर्वाचन की कोशिश नहीं छोड़े हैं। सूत्रों पर भरोसा करें तो सपा-रालोद द्वारा जिन सदस्यों का साथ होने का दावा किया जा रहा है, उसमें से कुछ भाजपा के संपर्क में है। यह भी देखना दिलचस्प होगा कि सपा प्रत्याशी कितने सेटों में नामांकन दाखिल करती है, क्योंकि अध्यक्ष पद पर नामांकन दाखिल करने के लिए एक प्रस्तावक एवं एक अनुमोदक होना जरूरी है। दो सेट में नामांकन दाखिल करने के लिए सपा प्रत्याशी को दो प्रस्तावक और दो अनुमोदक जिला पंचायत सदस्य चाहिए।