देहली गेट नगला मसानी में दो साल पहले हुई पांच वर्ष की बच्ची को घर से अगवा कर दुष्कर्म के आरोपी को 20 साल कैद व 50 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है। मिशन शक्ति अभियान के तहत यह फैसला एडीजे-विशेष न्यायाधीश पॉस्को तृतीय त्रिभुवन नाथ पासवान के न्यायालय से सुनाया गया है।
विशेष लोक अभियोजक ललित सिंह पुंढीर के अनुसार, वाकया 13/14 अगस्त 2019 की रात का है, जब पांच साल की बच्ची अपने मां बाप के पास सोयी हुई थी। तभी रात एक बजे मोहल्ले का सन्नी पुत्र राजेंद्र उसे घर से पास ही पशु चिकित्सालय में ले गया, जहां उसके साथ दुष्कर्म किया। इधर, मां की नींद खुली और बच्ची गायब देखी तो आसपास तलाशा गया। इसी बीच पशु अस्पताल में से बच्ची के चीखने की आवाज आने पर लोगों के साथ परिवार वहां पहुंचा। जहां आरोपी को मौके पर ही दबोच लिया गया और पुलिस के हवाले कर दिया। पूछताछ में उसने नशे में छत के रास्ते घर में घुसकर बच्ची को लेकर आने की बात स्वीकारी। मामले में अपहरण व दुष्कर्म की धारा में मुकदमा दर्ज कर पुलिस ने उसे जेल भेजा। तब से वह जेल में ही है। न्यायालय ने साक्ष्यों व गवाही के आधार पर आरोपी को 20 साल कैद व 50 हजार रुपये जुर्माने से दंडित किया है।