नागरिकता कानून के खिलाफ अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में एक बार फिर आवाज उठी है। शनिवार को एएमयू के बाबे सैयद गेट पर छात्र-छात्राओं ने नागरिकता संशोधन कानून के विरोध में जंजीर मार्च निकाला। इस दौरान छात्र-छात्राओं ने उत्तर प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ व प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के खिलाफ नारे लगाए। इसके साथ ही उन्होंने कुलपति व रजिस्ट्रार के खिलाफ भी नारेबाजी की और आजादी के नारे लगाए।
यूनिवर्सिटी के माहौल को देखते हुए यूनिवर्सिटी परिसर में मौजूद फोर्स ने मेन गेट को एहतियान बंद कर दिया। मालूम हो कि नागरिकता संशोधन कानून, एनआरसी, एनपीआर और जेएनयू में हुई हिंसा के विरोध में शुक्रवार को अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय (एएमयू) में छात्रों ने चैरिटी क्रिकेट मैच खेला और विरोध जताया था।
इस दौरान अंपायर तक ने विरोध में बैनर उठा रखा था। मौच के बाद छात्रों ने अपील की कि अगर कोई बाथरूम में नहा भी रहा है तो वह भी सीएए और एनसीआर के विरोध का बैनर लगा कर नहाए। इस दौरान कहा गया कि टीम वीसी को इस मैच में खेलने की अनुमति नहीं है। छात्रों ने कहा कि जब तक यह कानून वापस नहीं लिया जाएगा, तब तक हर स्तर पर विरोध होता रहेगा। चाहे क्रिकेट हो, कबड्डी हो, हॉकी हो या और कुछ और हो, प्रत्येक खेल के दौरान छात्रों का इन प्रावधानों के खिलाफ विरोध चलता रहेगा।