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अलीगढ़ : ईरानी टप्पेबाज गैंग के चार बदमाश दिल्ली से गिरफ्तार

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पुलिस बनकर टप्पेबाजी करने वाला ईरानी टप्पेबाज अंतरराज्यीय गैंग के चार बदमाश गिरफ्तार किए गए हैं। इन्हें सिविल लाइंस पुलिस दिल्ली से गिरफ्तार कर ट्रांजिट रिमांड पर लेकर आई। पूछताछ व माल बरामदगी के बाद उन्हें जेल भेज दिया गया। खास बात यह है कि पिछले दिनों मैरिस रोड इलाके में हुई घटना में ये आरोपी सीसीटीवी में कैद हुए थे। उसी सीसीटीवी की फु़टेज की मदद से ये पकड़े गए।
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सीओ तृतीय श्वेताभ पांडेय के अनुसार, 24 मई को मैरिस रोड पर कुछ लोगों ने खुद को पुलिस वाला बताकर संजय गांधी कॉलोनी के कामता प्रसाद से सोने के कड़े ठग लिए थे। पुलिस को दी जानकारी के अनुसार, कामता प्रसाद किसी काम से जा रहे थे, तभी उन्हें आरोपियों ने रोक लिया और कहा कि इतना सोना पहन कर जा रहे हो, डरा-धमकाकर उनसे उनका सोने का कड़ा ऐंठ लिया और लोहे का कड़ा देकर चले गए।
शिकायत पर पुलिस ने सीसीटीवी में चारों को कैद पाया और मुकदमे के आधार पर इनका पीछा करते हुए पुलिस दिल्ली पहुंच गई। अंबेवली कल्याण महाराष्ट्र के निशार मिस्किन, देवबंद लेशवाड़ा मदीना कॉलोनी के इकबाल, साबिर व सलमान अली को नई दिल्ली के साकेत इलाके से दबोच लिया।
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इनके पास से इस घटना में चोरी गया सोने का कड़ा, तीन लाख रुपये नकद, एक आई-10 कार व एक बाइक, दो मोबाइल आदि बरामद किए। बाद में इन्हें दक्षिण पूर्वी साकेत, नई दिल्ली की अदालत में पेश किया गया और दो दिन के ट्रांजिट रिमांड पर यहां लाया गया, यहां से पूछताछ के बाद इन चारों को जेल भेज दिया गया।
पूर्वज आए थे भारत, टप्पेबाजी उनका पेशा
पूछताछ में इन चारों ने स्वीकारा कि उनके पूर्वज ईरान से यहां आकर बस गए थे। इसलिए उन्हें ईरानी गैंग के नाम से जाना जाता है। उनका कहना है कि टप्पेबाजी ही उनका पेशा है।
कई राज्यों में कारनामे, साथ में रखते हैं पुलिस की टोपी
पूछताछ में स्वीकार किया कि इनके पास देश के हर राज्य की पुलिस की टोपी रहती है। कार से किसी भी राज्य में पहुंच जाते हैं। एक दर्जन से ज्यादा अपराध दिल्ली में और इसके अलावा यूपी, बिहार, हरियाणा, हिमाचल, राजस्थान व मध्य प्रदेश में भी घटनाएं कर चुके हैं।
महाराष्ट्र में हुई थी चौथे से मुलाकात, बोलते हैं ईरान की भाषा
इस गैंग में तीन लोग एक ही जगह के हैं। चौथा महाराष्ट्र का है। देवबंद के रहने वाले तीनों अपराधी एक बार किसी धार्मिक आयोजन में मुंबई गए थे, जहां उनकी मुलाकात बोली भाषा के चलते चौथे से हुई और वह भी उनके साथ हो गया, तब से सा-साथ अपराध कर रहे हैं। ईरानी भाषा भी बोलते हैं।
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