अतरौली थाने में दिसंबर माह में दर्ज हुए एक नाबालिग से दुष्कर्म के मुकदमे में हैरतअंगेज साजिश सामने आई है। जिस नाबालिग को अनाथ बताकर उसके साथ दुष्कर्म की कहानी गढ़ी गई थी, उस नाबालिग के मां-पिता को बुलंदशहर के सिकंदराबाद से महिला थाना पुलिस ने खोल निकाला। यह साजिश कुछ लोगों ने रची, जिसमें एक नाबालिग को सिकंदराबाद से यहां घर में काम के बहाने अनाथ बताकर लाया गया और विरोधियों पर दुष्कर्म का मुकदमा कराया गया था।
महिला थाने की इंस्पेक्टर विपिन चौधरी ने बताया कि अतरौली थाने में दिसंबर में एक 14 साल की कथित अनाथ किशोरी ने गांव के ही एक 40 वर्ष के व्यक्ति के खिलाफ दुष्कर्म का मुकदमा कराया था। अतरौली पुलिस ने मामले की जांच की और मुकदमा झूठा पाया और जनवरी में मुकदमा एक्सपंज कर दिया। इस पर तत्कालीन एसएसपी आकाश कुलहरि से शिकायत हुई तो उन्होंने महिला थाना पुलिस को पुन: जांच सौंपी। जांच में पुलिस को एक शपथपत्र हाथ लगा, जिसमें लड़की के मां-पिता की मौत होने की बात लिखी थी। गांव के एक व्यक्ति, उसकी रिश्ते की भाभी, ड्राइवर के हस्ताक्षर थे। इन तीनों के बारे में पता किया तो मालूम चला कि यही व्यक्ति इस नाबालिग को अपने घर में बतौर नौकरानी रखे हैं और अपने विरोधी रिश्तेदार पर प्रापर्टी विवाद में मुकदमा दर्ज कराया था।
इंस्पेक्टर ने बताया कि जांच में यह भी पता चला कि ड्राइवर के खाते से बुलंदशहर सिकंदराबाद के एक व्यक्ति के जनधन खाते में लगातार रकम भेजी जा रही है। सिकंदराबाद जाकर उस शख्स को तलाश की तो पता चला कि दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराने वाली उसकी बेटी है। परिवार में मां-पिता के अलावा, मौसी, नानी, एक भाई और तीन बहनें भी हैं। पुलिस द्वारा इन सभी को कल अलीगढ़ लाया जाएगा। किशोरी के स्कूल के कुछ दस्तावेज और दंपती के निकाहनामा के कुछ कागजों में उसका नाम दर्ज है। यह बतौर सुबूत कोर्ट में पेश किया जाएगा।
किशोरी को काम के दिलाने के बहाने लाया गया अलीगढ़
विपिन चौधरी ने बताया कि जांच में सामने आया है कि सिकंदराबाद का एक युवक जो वर्तमान में अतरौली स्थित अपनी ससुराल में रह रहा है। वह नाबालिग को अपने घर में काम देने के बहाने नवंबर में अलीगढ़ लाया था। यहां लाकर उसने लड़की को अपनी बातों में फंसाया और उससे अपने ससुराल पक्ष के एक रिश्तेदार के खिलाफ दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज करा दिया। लड़की को उसने अपनी रिश्ते की भाभी के घर में नौकरानी बनाकर रखवा दिया। लड़की के काम के एवज में तनख्वाह भी ड्राइवर के अकाउंट से डलवाता था। साथ ही अतरौली पुलिस द्वारा मुकदमा एक्सपंज करने के बाद वह लगातार पैरवी में जुटा रहा। शक होने पर उसकी कुंडली खंगालने पर पता लगा कि वह पहले भी इस प्रकार के कई मुकदमे जमीन के विवाद में दर्ज कराकर बैनामे करा चुका है। इन तीनों के खिलाफ भी मुकदमा दर्ज किए जाने की तैयारी है।