गुरुनानक जयंती पर भूमि पूजन होने के बाद स्मार्ट सिटी योजना के दो काम शुरू हो गए हैं। नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने बताया कि अचल सरोवर के सौंदर्यीकरण के साथ इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम फिलहाल नगर निगम के सेवा भवन में 12 दिसंबर से शुरू हो रहा है। लाल डिग्गी में नया भवन बनने के बाद इसको वहां शिफ्ट कर दिया जाएगा।
अचल ताल म्यूजिक फ ाउंटेन से लैस होगा : अचलताल का स्वरूप अब कुछ कुछ दिल्ली के अक्षरधाम की तर्ज पर नजर आएगा। इसके लिए स्मार्ट सिटी योजना के तहत 25 करोड़ का प्रोजेक्ट बनाया गया है। अचल ताल पर ध्वनि युक्त फव्वारे लगेंगे। अचल गुमटी के ऊपर भगवान शंकर की 23 फ ीट ऊंची प्रतिमा स्थापित की जाएगी। अचल ताल में पर्यटक नौका विहार का भी आनंद उठा सकेंगे। वहीं रोजगार को बढ़ावा देने के लिए अचलताल के आसपास एक ही रंग की दुकानें बनाई जाएंगी। नगर आयुक्त सत्य प्रकाश पटेल ने बताया कि अक्षरधाम की तर्ज पर संगीत युक्त फाउंटेन का प्रस्ताव तैयार किया गया है। फ ाउंटेन में संगीत की धुन पर भगवान राम-सीता, राधा-कृष्ण, गौरीशंकर सहित अन्य देवी देवताओं की छवि नजर आएगी।
सेवाभवन से चलेगा इंटीग्रेटेड कमांड एंड कं ट्रोल सिस्टम :
स्मार्ट सिटी योजना के तहत इंटीग्रेटेड कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम का संचालन फिलहाल सेवाभवन से किया जाएगा। नगर निगम ने इसको स्थापित करने का कार्य दो चरणों में बांट दिया है। पहले चरण का काम नगर निगम की बिल्डिंग सेवा भवन से होगा। सेवा भवन की निचली व तीसरी मंजिल पर इसका दफ्तर तैयार किया जा रहा है। 20 दिसंबर को पहले चरण के कार्य के लिए इसको शुरू किया जाएगा। इसका काम पूरा करने का ठेका एस्ट्राबैग कंपनी को ठेका दिया गया है, जो 117 करोड़ रुपये में इसको बनाएगी। लाल डिग्गी पर बनने वाली बिल्डिंग व अचल सरोवर के सौंदर्यीकरण के लिए 80 करोड़ का बजट अलग से है। लाल डिग्गी पर बिल्डिंग बनाने के बाद कमांड एंड कंट्रोल सिस्टम वहां शिफ्ट हो जाएगा।