आशीष सक्सेना संग शेयर ट्रेडिंग के नाम पर 15 अप्रैल से 02 मई 2024 तक 5.99 लाख रुपये की ठगी हुई थी। इस रकम को साइबर ठगों ने अलग-अलग खातों में जमा कराकर उसे आगे ट्रांसफर कर लिया था। मुकदमा दर्ज कर जब जांच शुरू हुई तो दो ऐसे नाम सामने आए, जिनके खातों में रकम जाना पाया गया।
अलीगढ़ के थाना बन्नादेवी क्षेत्र की प्रतिभा काॅलोनी के युवक से शेयर ट्रेडिंग के नाम पर 5.99 लाख रुपये की साइबर ठगी करने के मुकदमे में दो आरोपियों को चिह्नित कर लिया गया है। जिन्हें झारखंड व हरियाणा राज्य की पुलिस साइबर ठगी के अन्य मुकदमों में पहले जेल भेज चुकी थी। अब इन दोनों आरोपियों को संबंधित जिलों से वी वारंट के आधार पर यहां तलब कराया गया है। जिन्हें स्थानीय अदालत में रिमांड बनवाकर जेल दाखिल कर दिया गया है।
विज्ञापन
पूछताछ के बाद इन्हें रिमांड पर लेने की प्रक्रिया शुरू कर दी गई है। साइबर थाना प्रभारी सुरेंद्र कुमार के अनुसार प्रतिभा काॅलोनी थाना बन्नादेवी के आशीष सक्सेना संग शेयर ट्रेडिंग के नाम पर 15 अप्रैल से 02 मई 2024 तक 5.99 लाख रुपये की ठगी हुई थी। इस रकम को साइबर ठगों ने अलग-अलग खातों में जमा कराकर उसे आगे ट्रांसफर कर लिया था। मुकदमा दर्ज कर जब जांच शुरू हुई तो दो ऐसे नाम सामने आए, जिनके खातों में रकम जाना पाया गया। इन दोनों की पहचान अमित कुमार निवासी महम रोड मदीना थाना बहुअकबरपुर, रोहतक (हरियाणा ) व दिनेश मंडल निवासी निश्चिंतापुर, मंडल पाड़ा, शिवनगर, थाना डोलाहाट, जिला दक्षिण 24 परगना, (पश्चिम बंगाल) के रूप में हुई।
जब इनकी खोज शुरू हुई तो जानकारी मिली कि दिनेश मंडल को झारखंड रांची सीआईडी टीम ने ठगी के मामले में गिरफ्तार कर केंद्रीय कारागार बिरसा मंडा जेल होटवार, रांची में दाखिल कर दिया है। उसके साथी अमित कुमार को साइबर क्राइम रोहतक की टीम ने एक अन्य अपराध में गिरफ्तार कर जिला कारागार सुनारिया रोहतक भेज दिया है।
विज्ञापन
इसके बाद दोनों ही आरोपियों के खिलाफ स्थानीय अदालत से वी- वारंट बनवाए गए और यहां तलब कराया गया। हरियाणा व झारखंड की पुलिस यहां दोनों आरोपियों को लेकर न्यायालय में पेश करने लाई। जहां से दोनों को आशीष सक्सेना के मुकदमे में रिमांड बनवाकर अलीगढ़ जेल में दाखिल किया गया है। साइबर थाना प्रभारी सुरेंद्र कुमार के अनुसार अब इन्हें पूछताछ के बाद रिमांड पर लेकर इनके अन्य साथियों के बारे में जानकारी ली जाएगी।