आतिशबाजी के गोदाम का निरीक्षण करते सीएफओ।
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दीपावली नजदीक आते ही महानगर में अवैध रूप से देशी आतिशबाजी बनाने का धंधा जोर पकड़ता जा रहा है। इसी के चलते तीन दिन पहले सिविल लाइंस के जमालपुर हमदर्द नगर डी में एक मकान में आतिशबाजी बनाने के दौरान हुए विस्फोट में दंपती बेटी सहित जख्मी हुए थे।
इन घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के इरादे से फायर सर्विस विभाग सक्रिय हो गया है। सोमवार को मुख्य अग्निशमन अधिकारी के नेतृत्व में एक टीम ने बन्ना देवी थाना क्षेत्र स्थित दो सगे भाइयों के आतिशबाजी गोदामों पर छापा मारा। यहां टीम को माल से संबंधित स्टॉक रजिस्टर नहीं मिला। इस पर अधिकारियों ने उन्हें अपने सभी कागजात लेकर मंगलवार को कार्यालय बुलाया है और क्षमता से अधिक माल न रखने की चेतावनी दी है।
सीएफओ विवेक कुमार शर्मा के नेतृत्व में सोमवार को टीम ने सारसौल के तस्लीम उल हक निवासी टनटनपाड़ा थाना देहली गेट व फसीउद्दीन पुत्र शमीम के गोदाम पर छापा मारा। इस दौरान दोनों गोदाम स्वामियों ने उन्हें अपने लाइसेंस दिखाए, जो कि आगरा एवं अलीगढ़ से बनवाए गए हैं। मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि दोनों के पास तीन-तीन सौ किलो माल रखने के चार लाइसेंस थे, लेकिन मौके पर आतिशबाजी इससे कई गुना अधिक थी।
जब उनके स्टॉक रजिस्टर मांगा तो वह दिखा नहीं सके। इस पर दोनों को मंगलवार अपने कागजातों के साथ कार्यालय बुलाया है। पूछताछ में उन्होंने बताया कि उक्त आतिशबाजी नुमाइश मैदान में लगने वाली दुकानों के लिए लाकर रखी जा रही है। दोनों गोदाम स्वामियों को सख्त चेतावनी देकर छोड़ा गया है। मुख्य अग्निशमन अधिकारी ने बताया कि अन्य गोदामों पर भी छापामार कार्रवाई की जाएगी। महानगर में किसी भी स्थान पर अवैध रूप से आतिशबाजी बनाने का कारोबार नहीं चलने दिया जाएगा।