एटा/अलीगढ़। एटा कोतवाली नगर में तैनात इंस्पेक्टर सत्येंद्र सिंह की पत्नी ने गुरुवार की दोपहर संदिग्ध परिस्थितियों में सरकारी आवास में फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। पुलिस मृतका के परिवारीजनों के आने का इंतजार कर रही है। वहीं इस घटना को लेकर लोगों में तरह-तरह की चर्चाएं हैं। मौके पर महिला द्वारा सुसाइड नोट भी छोड़ा जाना बताया जा रहा है। बता दें कि इंस्पेक्टर सत्येंद्र सिंह हाल ही में यहां कोतवाली, बन्नादेवी, क्वारसी थानों में इंस्पेक्टर रहे हैं और क्वारसी के महिलाओं पर लाठीचार्ज मामले में उन्हें लाइन हाजिर कर एटा भेजा गया था। तभी से वे एटा में हैं।
कोतवाली देहात कंपाउंड में कोतवाली नगर प्रभारी सत्येंद्र सिंह को सरकारी आवास मिला हुआ है। बताते हैं कि इंस्पेक्टर ने अलीगढ़ के रघुवीरपुरी इलाके में भी घर ले रखा है, जिसके चलते बच्चे व पत्नी कभी अलीगढ़ तो कभी एटा आकर रहते थे। दो बच्चे बताते हैं जिसमें एक पुत्री 11 साल की व पुत्र पांच साल का है। बताते हैं कि तीन-चार दिन पहले ही पत्नी व बच्चे एटा आए हुए थे। गुरुवार की दोपहर तीन बजे के लगभग सत्येंद्र सिंह ड्यूटी पर थे और घर पर केवल पत्नी सारिका व बच्चे ही मौजूद थे। उसी दौरान सारिका ने रिवाल्वर की डोरी को कुंडा में लटकाकर फांसी लगा दी। जिससे मौके पर ही मौत हो गई। बच्चों को रोता देख पड़ोसी जब घर में पहुंचे तो उन्होंने महिला को फांसी के फंदे पर लटका देखा जिससे वह घबरा गए और तुरंत सत्येंद्र सिंह को सूचना दी। मौके पर पहुंचे अन्य सिपाहियों ने महिला का शव नीचे उतारा। वहीं सूचना पर एएसपी संजय कुमार यादव, एएसपी क्राइम रमेश प्रसाद गुप्ता, एसडीएम रविप्रकाश श्रीवास्तव, सीओ ओमकार सिंह पुलिस बल के साथ मौके पर पहुंच गए। वहीं मौके पर मृतका द्वारा सुसाइड नोट भी छोड़ा जाना बताया जा रहा है, लेकिन पुलिस ने इस बारे में कोई जानकारी नहीं दी है। वहीं लोगों में चर्चा है कि महिला की हत्या की गई है या फिर आत्महत्या। मृतक महिला के परिवारीजनों को सूचना दे दी गई है। बताते हैं कि जिला मेरठ के मोहल्ला शास्त्रीनगर निवासी सत्येंद्र सिंह के साथ बाराबंकी निवासी सारिका की शादी 2002 में हुई थी। फिलहाल मृतक महिला का परिवार लखनऊ में रह रहा है। पुलिस उनके आने का इंतजार कर रही है।