भाजपा के स्थापना दिवस पर प्रदेश की अन्य जेलों के साथ-साथ अलीगढ़ जेल से भी नौ बंदी बुधवार को रिहा किए गए। ये वे बंदी हैं, जो जुर्माना न भर पाने के कारण सजा काट रहे थे। इसके लिए शहर के समाजसेवी मनोज कुमार गोयल एमकेजी की ओर से जुर्माना राशि अदा की गई और कारागार प्रशासन की ओर से उन्हें रिहा किया गया।
जेलर पीके सिंह के अनुसार मंगलवार को लखनऊ में कारागार मंत्री की बैठक में भाजपा के स्थापना दिवस पर प्रदेश भर से जेलों से बंदियों की रिहाई का फैसला हुआ। इसी कड़ी में यहां ऐसे नौ बंदी चिह्नित किए गए, जो निर्धन होने के कारण जुर्माना नहीं भर पा रहे थे और सजा काट रहे थे। इन नौ बंदियों उमाशंकर उर्फ दीपक, इमरान, शकील, रिजाजुद्दीन, सूज उर्फ गजनी, नाजिम, नन्ने उर्फ भीमसैन की रिहाई तय की गई। इनकी कुल जुर्माना राशि 30364 रुपये समाजसेवी मनोज कुमार गोयल द्वारा जमा की गई। वहीं बुधवार दोपहर रिहाई से पहले सभी को कारागार मंत्री धर्मवीर प्रजापति की ओर से जारी ऑडियो संदेश को सुनाया गया। इस दौरान डिप्टी जेलर अफताब अंसारी सहित अन्य जेल प्रशासन के अधिकारी मौजूद रहे।