क्राइम डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़। ब्यूरो
अलीगढ़ मुस्लिम विश्वविद्यालय में एटा सांसद राजवीर सिंह राजू भैया एवं राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के सरसंघचालक मोहन भागवत के खिलाफ छात्रों ने प्रदर्शन किया। छात्रों ने राष्ट्रपति से राजू भैया की लोकसभा सदस्यता समाप्त करने एवं आरएसएस पर प्रतिबंध लगाने की मांग की।
एएमयू एवं पुलिस अधिकारियों के समझाने के बाद छात्र नेताओं ने भगवा झंडा फूंकने का कार्यक्रम 15 दिन के लिए स्थगित कर दिया।
एएमयू छात्रों ने एटा सांसद राजू भैया पर कासगंज दंगे के दौरान मुसलमानों के खिलाफ आपत्तिजनक टिप्पणी करने का आरोप लगाया था। थाना सिविल लाइन में तहरीर देकर उनके खिलाफ एफआईआर दर्ज करने की मांग की थी।
छात्र संघ के पूर्व उपाध्यक्ष नदीम अंसारी ने एफआईआर दर्ज नहीं होने पर 7 दिन बाद बाब-ए-सैयद पर भगवा झंडा फूंकने की चेतावनी दी थी। एक सप्ताह का समय पूरा होने के बावजूद सांसद के खिलाफ एफआईआर दर्ज नहीं होने से आक्रोशित छात्र मौलाना आजाद लाइब्रेरी स्थित कैंटीन के पास जमा हुए और प्रदर्शन करते हुए बाब-ए-सैयद पहुंचे। हाथ में तिरंगा एवं भगवा झंडा भी लिए थे।
हालांकि एएमयू एवं पुलिस अधिकारी सुबह से ही छात्रों को समझाने में लगे थे। मौके पर सीओ संजीव दीक्षित एवं थाना सिविल लाइन प्रभारी जावेद खान दल-बल के साथ स्वयं पहुंच गए थे। अधिकारियों के समझाने एवं आश्वासन के बाद छात्रों ने भगवा झंडा फूंकने का कार्यक्रम 15 दिन के लिए स्थगित कर दिया। नदीम अंसारी ने कहा कि 15 दिन के अंदर राजू भैया के खिलाफ कार्रवाई नहीं हुई तो भगवा झंडा फूंकेंगे।
उन्होंने मोहन भागवत के तीन दिन में सेना तैयार करने के बयान पर आक्रोश व्यक्त किया और आरएसएस पर प्रतिबंध लगाने की मांग की। छात्र नेताओं ने अपनी मांगों से संबंधित ज्ञापन जिला प्रशासन के माध्यम से राष्ट्रपति के पास भेजा।