न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़
नुमाइश के मुक्ताकाश मंच पर दोपहर दो बजे से ब्राइट फ्यूचर सेवा समिति द्वारा सबरंग व यादें नीरज-यादें नूर कार्यक्रम आयोजित किया गया। जिसमें सिंगिंग, डांसिंग, एकट्गिं के साथ कवियों ने नीरज व नूर साहब की कविताओं की तान छेड़ते हुए पुरानी यादें ताजा कीं।
नूर मोहम्मद इंजीनियर ने अध्यक्षता व संचालन कवि रज्जाक नाचीज व मुजीब सहजर ने की। यहां वक्ताओं ने नीरज व नूर के जीवन पर प्रकाश डाला। इसके साथ ही मुजीब सहजर को मेयर फुरकान ने नूर स्मृति सम्मान से नवाजा। कार्यक्रम संयोजक अब्दुल रज्जाक नाचीज थे। मुजीब सहजर, गाफिल स्वामी, दौलतराम शर्मा, रज्जाक नाचीज, हलीफ संदली, याहिद खान सैफी, पूर्णिमा शर्मा ने काव्य पाठ किया। सबरंग में गिना, सलीम, मो. अनस की गायकी को सराहा गया। मो. मेहंदी हसन के कामेडी डांस ने लोगों की तालियां बटोरीं। इस मौके पर अस्थाना साहब, मो. अनीस साहब आदि मौजूद रहे।