न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
एआरएम मेरे चाचा के साले हैं, यदि मुझसे पंगा लिया तो एक मिनट में संविदा समाप्त करा दूंगा और इसकी शुरुआत भी हो गई है। मारपीट का शिकार हुए तीनों संविदाकर्मियों को एआरएम बुद्ध विहार ने रुट ऑफ कर दिया है।
बुद्ध विहार डिपो में संविदा परिचालक के पद पर तैनात पंकज कुमार पुत्र खजान सिंह का आरोप है कि एक जून को उसके साथ इसी डिपो में तैनात हरीशंकर एवं पुष्पेंद्र ने गाली गलौज करते हुई मारपीट की। विरोध करने पर एआरएम बुद्ध विहार को अपने चाचा का साला बताते हुए संविदा समाप्त कराने की धमकी भी दी।
पीड़ित ने इसकी जानकारी तुरंत मोबाइल से एआरएम बुद्ध विहार को दी। पीड़ित के अनुसार वह मसूदाबाद बस स्टैंड पर पहुंचा तो यहां उसे संविदाकर्मी जवाहर और सोनू मिले। आरोपियों ने उनके साथ भी बदसलूकी की। उन्होंने पूछताछ में बैठे उमेश शर्मा से शिकायत की।
इस पर पूछताछ पर बैठे उमेश शर्मा ने दोनों पक्षों से हाथ मिलवाकर मामला समाप्त करा दिया, लेकिन अगले ही दिन बुद्ध विहार एआरएम ने पंकज कुमार, जवाहर सिंह एवं सोनू कुमार को रुट ऑफ कर दिया। गुरुवार को तीनों ने क्षेत्रीय प्रबंधक को इसकी लिखित शिकायत की। इसकी जानकारी मिलने पर यूपी रोडवेज इंप्लाइज यूनियन के क्षेत्रीय अध्यक्ष रामकुमार शर्मा एवं मंत्री हरीश बाबू ने आरएम को आंदोलन की चेतावनी दी है।
पंकज कुमार, जवाहर सिंह एवं सोनू कुमार पर दूसरे पक्ष ने जातिसूचक शब्दों का इस्तेमाल, मारपीट का आरोप लगाते हुए लिखित में शिकायत की। इसी के आधार पर उन्हें रुट ऑफ करते हुए जांच शुरू हुई है। तीनों संविदा कर्मचारियों ने मुझसे लिखित में कोई शिकायत नहीं की है।
योगेंद्र प्रताप सिंह, एआरएम बुद्ध विहार