न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
महानगर के भुजपुरा ठाकुर वाली गली इलाके के युवक की आगरा रोड के स्वीमिंग पूल में नहाते समय मौत को हत्या करार दे रहा परिवार शाहजमाल कब्रिस्तान में अपने बेटे की कब्र नहीं पहचान सका। इसके चलते सोमवार को दिन भर चले प्रयास के बाद भी कब्र की खुदाई नहीं हो सकी और पोस्टमार्टम के लिए शव नहीं निकल सका।
यहां परिवार की मांग पर जिलाधिकारी के आदेश पर सिटी मजिस्ट्रेट की अगुवाई में टीम कब्रिस्तान गई थी। बाद में परिवार को यह सलाह देकर टीम चली आई कि अब आप लोग कब्र पहचान कर आना, तब शव निकलवाया जाएगा।
वाकये के अनुसार पीड़ित अब्दुल कदीर निवासी भुजपुरा ठाकुर वाली गली कोतवाली का कहना है कि 6 मई को रिश्तेदार युवक उसके 20 वर्षीय बेटे फरहान को आगरा रोड के स्वीमिंग पूल में नहाने की बात कहकर बुला ले गया था। इसके बाद दोपहर करीब 3 बजे उसकी लाश रिक्शे में लादकर आया।
यहां आकर बोला कि डूबने से मौत हो गई है। हालांकि उसके चेहरे पर खरोंच भी थी, मगर उस समय यह बात मान ली गई। बाद में शव को शाम को ही दफन करा दिया गया।
इसके बाद 9 मई को अब्दुल कदीर अपने अन्य परिजनों संग स्वीमिंग पूल का सीसीटीवी देखने गए। वहां सीसीटीवी में देखने पर पता चला कि घटना के वक्त अब्दुल कदीर की बहन का बेटा व कुछ अन्य युवक स्वीमिंग पूल में पीट रहे हैं और उसे वहीं पीटकर व डुबोकर मारा गया है।
परिवार की इसी शिकायत पर जिलाधिकारी ने शव निकलवाकर पोस्टमार्टम के आदेश दिए थे। इसके लिए सिटी मजिस्ट्रेट को नियुक्त किया गया था। सोमवार को सिटी मजिस्ट्रेट सचिन कुमार टीम के साथ शाहजमाल कब्रिस्तान पहुंचे।
जहां परिवार व कब्रिस्तान से जुड़े लोग फरहान की कब्र नहीं पहचान सके। सिटी मजिस्ट्रेट के अनुसार काफी देर वीडियोग्राफी के बीच कब्र की पहचान न हो पाने पर परिवार को सलाह दी गई है कि अब वह कब्र की पहचान करके आएं। इसके बाद शव निकलवाया जाएगा।