न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
तहसील कोल के गांव जलूपुर सिहोर के राशन डीलर की शिकायत व उसके खिलाफ कार्रवाई की जानकारी लेने विधायक कोल का पत्र लेकर पूर्ति कार्यालय पहुंचे ग्रामीण अफसरों के न मिलने पर कर्मचारियों से भिड़ गए। घटना का वीडियो बनाने से शुरू हुई तकरार मारपीट में बदल गई। सूचना पर पहुंचे कोल विधायक की मौजूदगी में एडीएम सिटी ने राशन कोटेदार के खिलाफ एसडीएम कोल को जांच देकर मामले में समझौता करा दिया। इस मामले में किसी भी पक्ष ने रिपोर्ट दर्ज नहीं करायी है।
हुआ यूं कि गांव जलूपुर सिहोर के ग्रामीणों ने पिछले दिनों जिला पूर्ति अधिकारी से गांव के कोटेदार के खिलाफ शिकायत की थी। उनका आरोप था कि डीलर राशन वितरण में अनियमितताएं बरत रहा है। गुरुवार को इस मामले में ग्रामीणों ने विधायक कोल अनिल पाराशर से मुलाकात की और ज्ञापन सौंपा।
इसके बाद विधायक का कवरिंग लेटर लेकर डीएसओ से कार्रवाई की जानकारी लेने कलेक्ट्रेट स्थित कार्यालय पहुंच गए। विभागीय कार्य से डीएसओ के शहर से बाहर होने एवं चार्ज अधिकारी स्मृति गौतम के ई आफिस ट्रेनिंग में होने के चलते कार्यालय में मात्र बाबू ही मौजूद थे।
आरोप है कि ग्रामीणों ने बगैर कुछ सोचे समझे कर्मचारियों को ही बुरा भला कहना शुरू कर दिया और डीलर का साथ देने का आरोप लगा डाला। इस बीच एक ग्रामीण युवक ने वीडियो बनानी शुरू कर दी। एक कर्मचारी सुधीर ने आपत्ति जताते हुए अफसरों के न होने का हवाला देते हुए वीडियो बनाने वाले युवक से मोबाइल छीनने की कोशिश की तो बात बिगड़ गई।
छीनाझपटी मारपीट में बदल गई। मौके पर पहुंचे लोगों ने किसी तरह बीच बचाव कराया। सूचना पर विधायक कोल एवं एडीएम सिटी के साथ चार्ज अधिकारी भी मौके पर पहुंच गई।
एडीएम सिटी एसबी सिंह ने बताया कि राशन डीलर के खिलाफ एसडीएम कोल को जांच के आदेश दिए गए हैं। उनसे कहा गया है कि यदि जांच में कोटेदार दोषी पाया जाय तो सख्त कार्रवाई की जाय। हालांकि उन्होंने ग्रामीण एवं पूर्ति कर्मियों में मारपीट से इंकार कर दिया।