न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अलीगढ़।
रोडवेज में लगातार हो रहे घोटालों और उनका खुलासा होने के बाद भी आरोपियों के खिलाफ कार्यवाही न होने के सवालों से परिवहन मंत्री स्वतंत्र देव सिंह बचते नजर आए। मंगलवार को सर्किट हाउस में अधिकारियों के साथ बैठक कर जब मीडिया ने उनसे बात करनी चाही तो वह सवालों का ठीक तरह से जवाब दिए बगैर ही रवाना हो गए।
मंगलवार को परिवहन मंत्री कोल विधायक अनिल पाराशर के यहां होने वाले एक कार्यक्रम में शामिल होने के लिए यहां आए। इससे पहले वह सर्किट हाउस पहुंचे और यहां रोडवेज तथा आरटीओ के अधिकारियों के साथ बैठक की। बैठक के बाद जब बाहर निकले तो मीडिया ने उनसे रूबरू होने का प्रयास किया।
इस दौरान जब परिवहन मंत्री ने पिछले साल हुए स्क्रैप घोटाले के सभी आरोपियों के खिलाफ एफआईआर होने के बाद भी नई तैनाती तथा हाल ही में हुए रोडवेज के फर्जी टिकट घोटाले के संबंध में पूछा गया तो वह इन सवालों से बचते दिखाई दिए।
दोनों ही सवालों के उत्तर में उन्होंने केवल इतना कहा कि अधिकारी पागल हो गए हैं, जो भी लोग फर्जी टिकट रैकेट में शामिल हैं उनके खिलाफ कार्यवाही हो रही है। अधिकारियों को चिह्नित करने का कार्य जारी है। साथ ही पिछले साल हुए स्क्रैप घोटाले के बारे में कहा कि सभी अधिकारी निलंबित हुए हैं और किसी को भी तैनाती नहीं दी है। उनसे इन मामलों पर और बात की जाती इससे पहले ही वह अपनी गाड़ी में बैठकर रवाना हो गए।