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जिले के दो और ब्लॉकों को मिली बड़ी उपलब्धि
हेडिंग
अब सिकंदराराऊ-हसायन ब्लॉक भी ओडीएफ
क्रासर
विधायक ने बटन दबाकर किया दो ब्लॉकों को खुले में शौचमुक्त घोषित
डीएम ने उपलब्धि के लिए ब्लॉक प्रमुख व कर्मियों की पीठ थपथपाई
अमर उजाला ब्यूरो
सिकंदराराऊ। विकास खंड कार्यालय पर शनिवार की दोपहर में आयोजित स्वच्छता गोष्ठी में विधायक वीरेंद्र सिंह राना ने कंप्यूटर पर बटन दबाकर हसायन और सिकंदराराऊ ब्लॉक को खुले में शौचमुक्त (ओडीएफ) घोषित किया। डीएम रमाशंकर मौर्य ने विकास खंडों के ओडीएफ होने पर ब्लॉक प्रमुख और कर्मचारियों की पीठ थपथपाई।
कार्यक्रम का श्रीगणेश विधायक राना, डीएम और ब्लॉक प्रमुख संतोष चौधरी ने फीता काटकर और गांधी जी के छवि चित्र पर माल्यार्पण कर और दीप प्रज्ज्वलित कर किया। विधायक ने कहा कि केंद्र सरकार की ओडीएफ योजना के तहत समय सीमा में दोनों विकास खंडों को ओडीएफ घोषित कर प्रधानमंत्री की योजना को साकार किया गया है। जिस तरह पूरे देश में स्वच्छता अभियान युद्ध स्तर पर चलाया गया, उसके बाद ही सफलता मिल पाई है। हजारों की तादाद में बने ये इज्जतघर गंदगी का सफाया कर देंगे। डीएम ने कहा कि वास्तव में यह बड़ी उपलब्धि है। इस काम में जिन लोगों ने सहयोग किया है, वह बधाई के पात्र हैं। सिकंदराराऊ ब्लॉक प्रमुख संतोष चौधरी ने कहा कि ब्लॉक में कुल 50 ग्राम पंचायतें हैं, यहां पर 29,145 शौचालय बनाने का लक्ष्य था। इसमें से 24,409 शौचालय सरकारी अनुदान से बने हैं और 4,655 शौचालय ग्रामीणों ने स्वयं बनाए हैं। ग्राम सभा पिपलगवां के प्रधान मंथन यादव ने एक दिन में सैकड़ों शौचालय बनाकर प्रदेश में रिकॉर्ड कायम किया था। हसायन ब्लॉक प्रमुख पति सुमंत किशोर सिंह ने कहा कि ब्लॉक में कुल 69 ग्राम सभाएं हैं। यहां पर 30,324 शौचालयों के निर्माण का लक्ष्य था। 24,490 शौचालय सरकारी अनुदान से बने हैं और 5,834 स्वयं ने बनाए हैं। इस मौके पर पूर्व विधायक सुरेश प्रताप गांधी, एसडीएम अंजुम बी, देवदत्त वर्मा पूर्व ब्लॉक प्रमुख, बबलू सिसौदिया, प्रधान संगठन के अध्यक्ष सुधीर प्रताप सिंह, लोकश जादौन, सौनू चौहान, आशीष पुंढीर, संजय सिसौदिया, मनोज सिंह, श्यामवीर यादव, बबलू कुशवाहा, नंदू, लल्ला बाबू चौहान, मलखान सिंह दिवाकर, बलवीर सिंह, शंकर लाल, भूरे सिंह, ओमपाल सिंह, प्रदीप पुंढीर, विजय प्रताप सिंह, कमल सिंह, इंद्रजीत सिंह, वीरपाल, भगवान सिंह, मंथन चौधरी, प्रेम किशोर, प्रेम चंद्र, सोनू यादव के अतिरिक्त जिला पंचायतराज अधिकारी, पीडी, सीडीओ, कुंवर नितिन पुंढीर, विजय प्रताप सिंह, पंकज गुप्ता, उपेंद्र वार्ष्णेय, कमल नयन वार्ष्णेय आदि थीं। संचालन मुनि सिसौदिया ने किया।