न्यूज डेस्क, अमर उजाला, अतरौली।
नकल के लिए कुख्यात अतरौलिया बोर्ड में क्या राम राज आ गया है। यह सवाल इसलिए है कि डिप्टी सीएम डॉ. दिनेश शर्मा के दौरे के बाद सोमवार को जब हाईस्कूल और इंटरमीडिएट की परीक्षाएं हुईं तो काफी परीक्षा केंद्र ऐसे दिखे जहां पुलिसकर्मी तो यहां होेमगार्ड तक नहीं दिखे।
नकल और वसूली की शिकायतों का आलम यह था कि शुक्रवार की परीक्षा में खुद स्वयं डिप्टी सीएम डॉ. दिनेश शर्मा को अतरौली आना पड़ा। उस दिन उन्होंने तीन परीक्षा केंद्रों का निरीक्षण किया था।
हालांकि उन्हें इनमें नकल तो नहीं मिली। इस दौरान उन्होंने ‘अतरौलिया बोर्ड’ के ध्वस्त होने की बात कही थी। साथ ही अधिकारियों को आदेश दिए थे कि परीक्षा केंद्रों की सघन चेकिंग अभियान जारी रहना चाहिए। इसके बाद सोमवार को अधिकारियों के दौरे कम ही दिखाई दिए। पुलिस फोर्स की तैनाती भी काफी कम दिखाई दी।
सीसीटीवी बचाकर लगाए चार्ट
नकल माफिया ने सीसीटीवी कैमरों का भी तोड़ निकाल लिया है। सूत्रों की मानें तो अब परीक्षा केंद्रों पर इमला बोलकर या चार्ट के द्वारा नकल कराई जा रही है। बताया जाता है कि कमरे की दीवार पर चार्ट इस हिसाब से टांगा जाता है कि कैमरे की जद में न आए। छात्रों को सख्त हिदायत दे दी जाती है कि सीट पर बैठकर चुपचाप चार्ट में देखकर उत्तर पुस्तिका में लिखते रहें। जो समझ नहीं आता उसे शिक्षक बोलकर बताता है। सीसीटीवी कैमरे में आवाज तो जाती नहीं है, केवल फुटेज दिखाई देते हैं।
चार हजार में लिखी जा रही हैं कॉपियां
बाहर से कॉपियां भी लिखी जा रही हैं। कॉपियों के रेट दो हजार से लेकर चार हजार तक हैं। ऐसा भी नहीं है कि नकल हर सेंटर पर हो रही हो कुछ सेंटर कॉपी बदलने के इस फॉर्मूले के साथ भी नकल करा रहे हैं। वह खुलेआम नकल का रिस्क नहीं ले रहे। माफिया की सोच है कि कॉपी लगवाकर कुछ छात्र तो पास हो ही जाएं। वहीं कई स्कूल वालों ने सॉल्वरों को कॉपी लिखने का ठेका भी दे दिया है। इस बात का अंदाजा इसी से लगाया जा सकता है कि हर रोज मुन्नाभाई पकड़े जा रहे हैं।
आज गणित की परीक्षा को लेकर किए विशेष इंतजाम
मंगलवार की सुबह होने वाले हाईस्कूल गणित की परीक्षा में नकल माफिया से निपटने के लिए प्रशासन ने लेखपाल और अमीनों की तैनाती कर दी है। एसडीएम शिवकुमार ने बताया कि हर सेंटर पर एक-एक लेखपाल और अमीन तैनात रहेंगे, जो हर गतिविधि की गोपनीय रिपोर्ट उन्हें देंगे। यदि नकल की शिकायत मिली तो तत्काल छापा मारकर वहां कार्रवाई की जा सके। एसडीएम शिवकुमार का कहना है कि नकल किसी कीमत पर नहीं होने दी जाएगी। नकल माफिया की इस बार कमर टूट गई है। सुबह ताबड़तोड़ छापे मारे जाएंगे। गोपनीय रूप से भी कई कर्मचारी स्कूलों में छापा मारने पहुंचेंगे। जहां भी नकल मिली सेंटर को तत्काल डिबार किया जाएगा।
दो मुन्ना भाई पकड़े
एसडीएम शिवकुमार ने लालाराम श्रीदेवी इंटर कॉलेज भुड़िया में छापा मारकर एक मुन्नाभाई को पकड़ लिया। वह अपने छोटे भाई की जगह परीक्षा दे रहा था। एसडीएम को किसी ने गोपनीय रूप से फोन करके फर्जी परीक्षा देने की सूचना दी थी। वहीं नायब तहसीलदार अजीत कुमार ने वीरखंड इंटर कॉलेज नगला झंडा में भी एक मुन्नाभाई पेपर देते पकड़ा। दोनों को पुलिस के हवाले कर दिया गया।
माफिया ने बदल दिया नकल कराने का तरीका
खादर क्षेत्र में सोमवार को इंटरमीडिएट की गणित की दोपहर की पाली में नकल माफिया ने नकल कराने का तरीका ही बदल दिया। अब नकल चार्ट लगा कर नहीं कापियां लिखवाकर लगवाई जा रही हैं । एक कॉपी लगाने के 1500 से 3,000 हजार रुपये तक परीक्षार्थी से वसूल किये जा रहे हैं। नकल माफिया कॉपियों को कहीं गुप्त जगह लिख कर परीक्षा छूटने के बाद सीसीटीवी कैमरा बंद कर कॅापी का ऊपर का कवर बदल कर लगाते हैं। वहीं गंगीरी इंसपेक्टर ने बताया कि गंगीरी चौराहा स्थित परीक्षा केंद्र की सूचना मिली कि परीक्षा छूटने पर कापी लगेगी। इस केंद्र पर लगे एसएसआई रामराज यादव ने परीक्षा छूटने तक परीक्षा केंद्र के अंदर कोई नहीं जाने दिया। जब कापिंयों का बंडल चला गया तो सूचना मिली कि रास्ते में कॉपी बदल कर लगाई जा रही हैं। इस पर एसएसआई ने सभी को दौड़ाया और कापी के बंडल को जमा करने के लिए अतरौली को भेजा। इधर इंसपेक्टर गोविंद बल्लभ शर्मा ने गांव ऊंटासानी स्थित परीक्षा केंद्र पर कॅापी लगाने की सूचना पर कापियां सील कर जमा करने अपनी देखरेख में भिजवाई।