चौथ वसूली में चार पकड़े, रसूखदार को छोड़ा
ब्यूरो, अमर उजाला अलीगढ़।
टप्पल/जट्टारी। टप्पल थाना क्षेत्र पुलिस ने पशुओं की गाड़ियों से चौथ वसूली करते चार युवकों को रंगे हाथ पकड़ा है। वहीं एक प्रभावशाली व्यक्ति को छोड़ दिया गया है।
आए दिन बजरंग दल के लोगों द्वारा पशुओं की गाड़ियों से चौथ वसूली की शिकायत लगातार पुलिस को मिल रही थीं। साथ ही यह मुद्दा भाकियू के एक माह के धरने पर भी उठता रहा। इसी के चलते थाना पुलिस ने एक्शन प्लान के अंतर्गत शनिवार रात्रि को एक्सप्रेस वे पर पशु लेकर जा रहे ट्रक से पैसों की वसूली करते हुए चार युवकों को रंगे हाथ पकड़ लिया। जिनमें से एक मौजूदा प्रधान होने के नाते पुलिस ने उसे छोड़ दिया। यह सूचना लोगों में चर्चा का विषय बनी रही।
पुलिस के अनुसार बिती रात्रि को पशुओं से लदे दो ट्रक को रोक कर उनसे अवैध वसूली करने पर चंचल पुत्र किशोरी निवासी तकीपुर अख्तर पुत्र बुद्धा निवासी फतेहपुर, जीतू पुत्र हाकिम निवासी हजियापुर व एक प्रधान सहित चार लोग पकड़े थे। आरोप है कि रात को ही ग्राम प्रधान को उच्च अधिकारियों ने छुड़वा दिया था। अपर पुलिस अधीक्षक ग्रामीण यश्वीर सिंह ने तीन लोगों के खिलाफ मुकदमा दर्ज करने के बारे में बताया है। जबकि थाना एसएसआई मनोज कुमार ने बताया कि चार लोगों के खिलाफ अवैध वसूली करने पर अभियोग शाजिद पुत्र नवाब खां निवासी खुर्जा ने पंजीकृत कराया है।
मवेशियों से भरे ट्रक को ग्रामीणों ने पुलिस को सौंपा
टप्पल। थाना क्षेत्र के गांव हामिद्पुर के निकट राजस्थान से डाक पार्सल के लंबे ट्रक में अवैध ढंग से लाए जा रहे मवेशियों को पकड़कर गांव के लोगों ने पुलिस के हवाले कर दिया। पुलिस के अनुसार रविवार की शाम पांच बजे हामिद्पुर के लोगों को जानकारी हुई की एक डाक पार्सल के लंबे ट्रक में कुछ लोग जयपुर राजस्थान से सैकड़ों की संख्या में मवेशियों को भरकर ले जा रहे हैं। सूचना पर गांव के लोगों ने ट्रक को पकड़कर पुलिस के हवाले कर दिया। जिनमें कई मवेशी मृत पाए गए। पकड़े गए लोगों में हारुन पुत्र मों अली, शाजिद पुत्र अय्यूब, मुन्ने पुत्र कलुआ, अफजल निवासी गांव वेट थाना शिभावली हापुड़ को हिरासत में लिया गया है।