अरुणाचल प्रदेश का युवक और झारखंड की युवती बुधवार को आवास विकास काॅलोनी में घर-घर जाकर ईसाई धर्म की किताब बांट रहे थे। आरोप है कि रुपयों का प्रलोभन देकर ईसाई धर्म अपनाने का दबाव बना रहे थे। सूचना पर विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के कार्यकर्ता पहुंचे। उन्होंने युवक और युवती को पुलिस को सौंप दिया। थाना जगदीशपुरा में पुलिस ने केस दर्ज कर लिया है।
आवास विकास कॉलोनी सेक्टर-5 निवासी वीरेंद्र गौतम ने बताया कि वह सुबह 11 बजे घर में आराम कर रहे थे। तभी एक महिला और पुरुष आए। उन्होंने पत्नी को ईसाई धर्म की एक किताब दी। कहा कि पुस्तक पढ़ने वालों को मुफ्त शिक्षा के साथ ही बहुत सुविधाएं दी जाती हैं। ईसाई धर्म को अपनाने पर आर्थिक सहायता देते हैं। इसके बाद हिंदू धर्म के बारे में गलत बात करने लगे। उन्होंने रुपयों के साथ जमीन का भी प्रलोभन दिया।
इस पर वह कमरे से बाहर आए। उन्होंने विहिप और बजरंग दल के कार्यकर्ताओं को बुला लिया। दोनों लोगों के पास से बड़ी मात्रा में ईसाई धर्म के प्रचार की पुस्तक और पर्चे मिले। आधार कार्ड से युवक की पहचान अच्युत कुमार देवडी नाहटलंगन पापुमपुर, अरुणाचल प्रदेश और उसकी साथी प्रसन्ना धान निवासी रांची, झारखंड थी। उन्होंने पुलिस को बताया कि वह डेढ़ वर्ष से आगरा में रहकर धर्म का प्रचार कर रहे हैं।
विहिप जिला उपाध्यक्ष करन गर्ग ने जांच कराने की मांग की। प्रांत उपाध्यक्ष सुनील पाराशर, प्रांत संयोजक दिग्विजय नाथ तिवारी, जिला मंत्री प्रदीप शर्मा, शिवम दुबे, अनुज पाठक, कार्तिक मुद्गल , यशवर्धन सिंह राजावत, जगदीश सिंह, लक्ष्मण आदि मौजूद रहे। एसीपी लोहामंडी मयंक तिवारी ने बताया कि पकड़े गए लोगों से पूछताछ की जा रही है।