ट्रेन के शौचालय में बंद हो गए युवक व किशोरी को आरपीएफ के जवानों ने कैंट स्टेशन पर उतारा। दोनों ने हाथ की नसें काटकर खुदकुशी का प्रयास किया। आरपीएफ ने दोनों को को एसएन अस्पताल में भर्ती कराया गया।
आगरा में छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस के शौचालय में खुद को बंद कर युवक व किशोरी ने ब्लेड से हाथ की नसें काट लीं। आरपीएफ ने दोनों को आगरा कैंट स्टेशन पर उतारा। दोनों को एसएन अस्पताल में भर्ती कराया गया। किशोरी को चाइल्ड लाइन और युवक को नरसिंहपुर पुलिस के सुपुर्द किया गया है।
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आरपीएफ आगरा कैंट के इंस्पेक्टर सुरेंद्र चौधरी ने बताया कि जबलपुर से आ रही छत्तीसगढ़ एक्सप्रेस के कोच डी-1 के यात्रियों ने धौलपुर में सूचना दी थी कि बाथरूम में लड़का-लड़की काफी देर से बंद हैं। गेट नहीं खोल रहे हैं। ट्रेन के आगरा कैंट स्टेशन पहुंचने पर आरपीएफ की टीम ने शौचालय का गेट खुलवाया। वहां 18 वर्षीय युवक व 15 साल की किशोरी अचेतावस्था में मिले। दोनों को रेलवे चिकित्सक ने प्राथमिक उपचार के बाद एसएन अस्पताल में भर्ती कराया।
इंस्पेक्टर ने बताया कि दोनों ने हाथ की नसें काटने का प्रयास किया था, हालत खतरे से बाहर थी। पर्स में किशोरी के पास से कोई पहचान की चीज नहीं मिली। होश में आने पर शुक्रवार को युवक ने अपना नाम राजीव पुत्र विजय निवासी भागलपुर थाना बोधगया जिला गया, बिहार बताया। वहीं 15 वर्षीय किशोरी गाडरवारा, नरसिंहपुरा, मध्य प्रदेश की है। किशोरी के परिजनों ने गुमशुदगी भी लिखाई थी। वह आगरा सुपुर्दगी में लेने आएंगे। इंस्पेक्टर ने बताया कि दोनों नरसिंहपुरा से भागे थे।