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फर्जी नियुक्ति पत्र लेकर शिक्षक बनने पहुंचा युवक, असलियत सामने आई तो उल्टे पांव भागा

Thu, 12 Dec 2019 02:16 PM IST
मुकेश कुमार न्यूज डेस्क, अमर उजाला, आगरा
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प्रतीकात्मक तस्वीर - फोटो : अमर उजाला
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आगरा के अशोक नगर स्थित सर्व शिक्षा अभियान कार्यालय में बुधवार को एक युवक फर्जी नियुक्ति पत्र लेकर शिक्षक बनने पहुंचा। पत्र में गड़बड़ियां देखकर कार्यालय के कर्मचारियों ने सख्ती से पूछताछ की। मामला खुला तो युवक वहां से उल्टे पांव भाग गया। 
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नियुक्ति पत्र पर शिक्षा का अधिकार, सर्व शिक्षा अभियान, राज्य परियोजना कार्यालय लिखा हुआ था। इसमें कार्यालय मंडल समन्वयक अधिकारी, आगरा मंडल के आदेश का हवाला दिया गया था। ऐसा कोई पद नहीं है। पत्र में अभ्यर्थी का नाम अनूप कुमार पुत्र मुन्नीलाल लिखा हुआ था। 

उसकी नवीन नियुक्ति पिनाहट ब्लाक में सहायक अध्यापक पद पर दर्शाई गई थी। पत्र को अपर परियोजना निदेशक, सर्व शिक्षा अभियान, लखनऊ की ओर से एक दिसंबर, 2019 को निर्गत दिखाया गया। इस पर मुहर भी लगी हुई थी। कार्यभार ग्रहण करने के लिए 8 से 12 दिसंबर तक का समय दिया गया था।
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खुद को बताया इंटर पास

बीएसए बुधवार को आगरा से बाहर थे। लिहाजा युवक नियुक्ति पत्र लेकर कर्मचारियों के पास पहुंचा। पूछने पर उसने खुद को इंटरमीडिएट उत्तीर्ण बताया। कर्मचारियों ने पूछा कि उसे पत्र कैसे मिला तो उसने बताया कि रजिस्टर्ड डाक से पत्र मिला था। 

आवेदन के बारे में पूछा गया तो उसने कहा कि बहुत पहले आवेदन किया था। इस पर कर्मचारियों ने पूछा कि इंटरमीडिएट उत्तीर्ण की योग्यता पर वो आवेदन कैसे कर सकता है। वो जवाब नहीं दे पाया। वहां से चुपचाप चला गया। बीएसए कार्यालय में पहले भी इस तरह के मामले आ चुके हैं। 

शिक्षकों की कोई नियुक्ति नहीं हुई

बीएसए राजीव कुमार यादव ने बताया कि सर्व शिक्षा अभियान की ओर से शिक्षकों की कोई नियुक्ति नहीं हुई है। मुझसे कोई नहीं मिला है। यदि कोई फर्जीवाड़ा सामने आता है, तो संबंधित के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी। 
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