अटल बिहारी वाजपेयी की अस्थियों का विसर्जन उनके पैतृक गांव बटेश्वर में यमुना के घाट पर किया जाएगा। इस दौरान मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ अटल की स्मृतियों को सहेजने के साथ-साथ बटेश्वर के विकास के लिए कई घोषणाएं कर सकते हैं। इसके लिए प्रशासन की ओर से प्रस्ताव तैयार कराए जा रहे हैं। अस्थि कलश 23 या 24 अगस्त को बटेश्वर पहुंचेगा।
अटल जी का पैतृक घर बटेश्वर में है। वर्तमान में यह पूरी तरह से ध्वस्त हो चुका है। अब इस स्थल को अटल म्यूजियम के रूप में विकसित करने की तैयारी है। जिलाधिकारी एनजी रवि कुमार ने इसके लिए निर्माण विभाग को प्रस्ताव तैयार करने के लिए कहा है। साथ ही राजस्व विभाग से इस घर का पुराना रिकॉर्ड निकलवाया जा रहा है। यह किसके नाम दर्ज है और इसका कितना क्षेत्रफल है आदि पड़ताल की जा रही है।
क्रांति स्थल और यज्ञ स्थल को संवारने की योजना बनाई जा रही है। इसके साथ ही बटेश्वर से जुड़ी अटलजी की स्मृतियों को सहेजने तथा इस क्षेत्र को विकसित करने के लिए क्या-क्या किया जा सकता है। इसका खाका तैयार किया जा रहा है। प्रशासनिक सूत्रों की मानें तो मुख्यमंत्री 24 अगस्त को अस्थि विसर्जन के दौरान अटल स्मृति स्थलों के साथ ही घाटों और क्षेत्र के संपूर्ण विकास के लिए करोड़ों रुपये की घोषणाएं कर सकते हैं।