आगरा में यमुना का रौद्र रूप देखने को मिल रहा है। यहां गांवों में बाढ़ का पानी भर गया। गांवों का शहर से संपर्क टूट गया। टीलों में फंसे लोगों को रेस्क्यू कर बाहर लाया गया।
उत्तर प्रदेश के आगरा में फतेहाबाद क्षेत्र के तनौरा नूरपुर गांव में मंगलवार को बाढ़ का पानी भर गया। इससे 21 लोग टीले और झाड़ियों के बीच बाढ़ के पानी में फंस गए। सूचना पर पहुंचे राष्ट्रीय आपदा प्रबंधन बल (एनडीआरएफ) ने आठ घंटे तक रेस्क्यू अभियान चलाया। इसके बाद सभी लोगों की जान बचाई जा सकी।
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बिचपुरी तहसील के तनौरा नूरपुर गांव का मंगलवार को जिला मुख्यालय से संपर्क कट गया। मेहरा नाहरगंज गांव में भी पानी भर गया। रास्ते बंद हो गए। जलस्तर बढ़ने से 21 लोग पांच अलग-अलग टीलों पर फंस गए। चारों तरफ पानी भरने के कारण निकल नहीं पा रहे थे। सुबह आठ बजे प्रशासन को सूचना मिली।
एसडीएम परीक्षित खटाना व अन्य अफसर एनडीआरएफ टीम के साथ मौके पर पहुंचे। खेतों के बीच टीलों पर झाड़ियों में फंसे सौदान सिंह, महेंद्र सिंह, रघुवर, हरदयाल, हेत सिंह, लख्मी चंद, राजू आदि को मोटरबोट से बाहर निकाला। नायब तहसीलदार रवीश कुमार ने बताया कि फंसे हुए लोगों में बच्चे, बुजुर्ग व महिलाएं शामिल थीं। आठ बकरी, एक भैंस, दो कुत्ते व अन्य सामान था। सभी को सुरक्षित निकाल लिया है।
नूरपुर के रास्तों व खेतों में पांच फीट से अधिक पानी भरा है। जिलाधिकारी नवनीत सिंह चहल ने बताया कि कुछ लोगों ने निकलने से मना किया, लेकिन उन्हें समझाकर सुरक्षित स्थान पर पहुंचाया है। डूब क्षेत्र में अब कोई नहीं बचा है। वहीं मेहरा नाहरगंज स्थित काका की ठार में बाढ़ ने मकानों को चपेट में ले लिया है।