मैनपुरी। थाना कुर्रा क्षेत्र में दस साल पहले पत्नी की हत्या करने वाले पति को एफटीसी जज प्रथम निधि ने आजीवन कारावास की सजा सुनाई है। मृतका के सास-ससुर को भी दोषी पाया गया है। तीनों पर 10-10 हजार रुपये का जुर्माना भी लगाया गया है। सजा सुनाए जाने केे बाद तीनों को जेल भेजा गया है।
थाना कुर्रा क्षेत्र के नगला अनी में 19 जून 2012 को विपिन की पत्नी लक्ष्मी की मौत हो गई थी। मृतका के पिता जयप्रकाश ने पति विपिन, ससुर सरनाम सिंह, सास रेशमादेवी के खिलाफ दहेज की मंाग पूरी नहीं होने पर हत्या करने की रिपोर्ट लिखाई थी। पुलिस ने जांच करके तीनों के खिलाफ चार्जशीट कोर्ट में भेज दी। मुकदमे की सुनवाई एफटीसी कोर्ट में हुई। अभियोजन पक्ष की ओर से वादी, विवेचक, चिकित्सक आदि ने गवाही दी। एडीजीसी मुकुल रायसजादा ने तीनों को कड़ी सजा देने की दलील दी। जज ने तीनों को लक्ष्मी की हत्या करने का दोषी पाते हुए आजीवन कारावास की सजा व 10-10 हजार रुपये जुर्माने की सजा सुनाई।
पति की अभिरक्षा में हुई मौत
लक्ष्मी की शादी 2010 में विपिन के साथ हुई थी। वह ससुराल में पति के साथ रहती थी। अदालत ने मामले को पति की अभिरक्षा में हुई मौत माना गया। पोस्टमार्टम करने वाले डॉक्टर ने गवाही में बताया कि मौत गला दबाने से हुई है।