फ्री ई-पेपर
पर्सनलाइज़्ड फ़ीड
पर्सनलाइज़्ड नोटिफ़िकेशन
चलते-फिरते ख़बरें
लॉयल्टी रिवॉर्ड्स
विज्ञापन

आगरा में शुद्ध पानी की सप्लाई के लिए उठाया गया ये बड़ा कदम

Tue, 23 Jan 2018 04:33 PM IST
न्यूज डेस्क, अमर उजाला आगरा
विज्ञापन
water atm - फोटो : FILE PHOTO
विज्ञापन
आगरा में प्यास बुझाने के लिए गंगाजल लाने की योजना अंतिम चरण में है। गंगाजल को यमुना के जल में मिलाकर नागरिकों को पिलाया जाएगा, लेकिन अब नगर निगम इससे भी एक कदम आगे बढ़कर सोच रहा है। 
विज्ञापन


स्मार्ट सिटी के तहत शहर में मोबाइल वाटर एटीएम लगाने की योजना है। इस योजना के तहत ग्राउंड वाटर को शोधित कर मोबाइल एटीएम के जरिए सस्ती दरों में बेचा जाएगा। 

इस योजना पर काम कर रही है संस्था डीसेंट्रिक टेक्नोलॉजी प्राइवेट लिमिटेड डीटीपीएल) के प्रतिनिधि विनीत वत्स ने बताया कि संस्था कानपुर में न केवल पेयजल के लिए काम रही है बल्कि देशी गाय का दूध और मट्ठा के एटीएम भी लगाए हैं। 
विज्ञापन
Trending Videos

दूध और मट्ठा की योजना का शुभारंभ मुख्यमंत्री योगी आदित्य नाथ ने किया था। उन्होंने बताया कि आगरा में पेयजल की भीषण किल्लत है। गंगाजल आ रहा है। 

लेकिन शहर में आरओ वाटर के नाम पर जो पानी 20 लीटर के जार और प्लास्टिक पाउचों में बेचा जा रहा है, उसकी क्वालिटी कैसी है, यह किसी को पता नहीं होता है। 

शहरों में चल रहे ऐसे प्लांट्स में अधिकांश न तो पंजीकृत होते हैं और न ही उन पर किसी का नियंत्रण होता है। इस समस्या को दूर करने के लिए नगर निगम, भारत सरकार के सहयोग के पीपीपी मोड पर मोबाइल वाटर एटीएम शहरों में लगाती है। 

स्‍थान तय करना होगा

कानपुर और लखनऊ में यह काम चल रहा है। नगर निगम को केवल जमीन उपलब्ध करानी होगी और शहर में जहां-जहां वाटर एटीएम लगाने हैं उनके लिए स्थान चिह्नित करके देगी। 

शहर के कई इलाकों में पानी सप्लाई के लिए अलग-अलग बेस प्लांट बनाए जाएंगे, जहां पानी को शोधित किया जाएगा और यहीं से वाटर एटीएम में पानी भरा जाएगा। 

एक बेस प्लांट के लिए करीब 100 वर्ग मीटर की जमीन की आवश्यकता होगी। नगर आयुक्त अरुण प्रकाश ने कंपनी के साथ करार की सैद्धांतिक सहमति दे दी है और कंपनी को सर्वे करने के निर्देश दिए हैं। 

बेहतर क्वालिटी का पानी मिलेगा

डीटीपीएल के प्रतिनिधि के मुताबिक सामान्य आरओ वाटर और पानी के पाउच, बोतलों में पानी की क्वालिटी का पता नहीं होता है। उसमें मिलावट की जा सकती है लेकिन यहां ऐसा नहीं होगा। 

जिस एटीएम से पानी भरेंगे उसमें पानी की क्वालिटी आटोमैटिक पता लग जाएगी। मशीन खुद ब खुद बता देगी कि पानी पीने लायक है या नहीं। एटीएम में पानी केवल उसके मुख्य सर्वर (बेस प्लांट) से भरा जा सकेगा। 

कंप्यूटर तकनीकी पर आधारित होने की वजह से वाटर एटीएम का मुंह तभी खुलेगी जब वह मुख्य सर्वर पहुंचेगा। पानी भरने के बाद यह बंद हो जाएगा। इसलिए मिलावट की कोई गुंजाइश नहीं रहेगी। 
विज्ञापन

मुद्रा योजना के तहत होगी फंडिंग

इस योजना से कई बेरोजगारों को रोजगार मिलेगा। भारत सरकार की मुद्रा योजना से वित्तीय मदद हासिल कर सकेगी। मोबाइल एटीएम लगाने वाले भारत सरकार आसान किश्तों पर लोन देगी। 

एटीएम के लिए स्थान नगर निगम उपलब्ध कराएगा। सामान्य पानी का पाउच शहर में एक से दो रुपये का मिलता है। इस एटीएम से 250 मिली का पाउच एक रुपये, एक लीटर की बोतल दो रुपये की मिलेगी।

बेस स्टेशन से पानी बेहद सस्ता मिलेगा। इस योजना में उन लोगों को विशेषरूप से शामिल किया जाएगा जो वर्तमान में शहर में पानी के पाउच बनाने का काम कर रहे हैं। 
और पढ़ें...
विज्ञापन
Next
AU ऐप में पढ़ें