उत्तर प्रदेश में अदालतों और प्रमुख स्थलों की सुरक्षा का खाका तैयार हो गया है। इसके तहत ताजमहल और आगरा एयरपोर्ट की सुरक्षा यूपी स्पेशल सिक्योरिटी फोर्स (यूपीएसएसएफ) करेगी। ताजमहल की सुरक्षा अभी सीआईएसएफ के पास है। इलाहाबाद हाईकोर्ट, हाईकोर्ट की लखनऊ बेंच और सभी जिलों की अधीनस्थ न्यायालयों की सुरक्षा का जिम्मा भी इसे ही दिया जाएगा।
बृहस्पतिवार को उच्च न्यायालय में प्रदेश सरकार के अधिकारियों ने इसकी जानकारी दी। बिजनौर के सीजेएम कोर्ट में पेशी पर आए अभियुक्त की गोली मारकर हत्या करने के मामले में स्वत: संज्ञान लेकर न्यायमूर्ति सुधीर अग्रवाल और न्यायमूर्ति सुनीत कुमार की पीठ सुनवाई कर रही है।
कोर्ट के निर्देश पर प्रमुख सचिव, गृह अवनीश अवस्थी और डीजीपी ओपी सिंह बृहस्पतिवार को अदालत में हाजिर हुए थे। अफसरों की ओर से हलफनामा प्रस्तुत कर अब तक उठाए गए कदमों की जानकारी दी गई। प्रमुख सचिव, गृह ने पूरा रोडमैप देने के लिए 15 जनवरी तक का समय मांगा। जिसे अदालत ने स्वीकार कर लिया। याचिका पर अगली सुनवाई 16 जनवरी को होगी।
जानकारी के अनुसार अदालतों के अलावा मेट्रो, सचिवालय, तीनों प्रमुख धार्मिक स्थलों अयोध्या, काशी और मथुरा के अलावा आगरा में ताजमहल और प्रदेश में रीजनल कनेक्टिविटी के तहत संचालित होने वाले 18 हवाई अड्डों की सुरक्षा की जिम्मेदारी भी इसी फोर्स के हवाले होगी।