वृंदावन के रुक्मणि विहार में ओमेक्स के निर्माणाधीन 'वृंदावन कोर्टयार्ड मॉल' में भीषण हादसा हो गया। देर रात दूसरी मंजिल पर छत और छज्जे की ढलाई का काम चल रहा था, तभी अचानक शटरिंग और ढलाई की सामग्री ताश के पत्तों की तरह भरभरा कर गिर पड़ी। इस हादसे में वहां काम कर रहे तीन मजदूरों की मौत हो गई। चौथे मजदूर की हालत गंभीर है। सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंच गई।
घटना की सूचना मिलते ही स्थानीय प्रशासन और बचाव दल तुरंत हरकत में आ गए। राहत और बचाव कार्य तेजी से शुरू किया गया। घायलों को तत्काल नजदीकी अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका प्राथमिक उपचार किया गया। गंभीर रूप से घायल हुए तीन मजदूरों में से एक की हालत नाजुक देखते हुए उसे जिला संयुक्त चिकित्सालय से आगरा रेफर कर दिया गया, जहां तीन मजदूरों की मौत हो गई। वहीं चौथे की हालत गंभीर है।
पुलिस ने बताया मृतकों में पश्चिम बंगाल निवासी आलम, रिफ्यूल और नेपाल निवासी शिवराम है। वहीं पश्चिम बंगाल के ही 45 वर्षीय दिलदार की हालत गंभीर है। उनका उपचार चल रहा है।
परिजनों का आरोप और मुआवजे की मांग
इस घटना की खबर मिलते ही परिजनों में कोहराम मच गया। परिवार वालों ने निर्माण कंपनी पर सुरक्षा मानकों की घोर अनदेखी और लापरवाही का सीधा आरोप लगाया है। उन्होंने पीड़ित परिवार के लिए 50 लाख रुपये के मुआवजे की मांग की है। पुलिस ने मामले की गंभीरता को देखते हुए जांच शुरू कर दी है और दोषियों के खिलाफ कार्रवाई का आश्वासन दिया है।
कंपनी प्रबंधन का पक्ष
ओमेक्स के जनरल मैनेजर आरके जैन ने घटना पर दुख व्यक्त करते हुए बताया कि रात 8 बजे से सुबह तक ढलाई का काम चल रहा था और उस समय मौके पर 10 से 12 मजदूर काम कर रहे थे। उन्होंने कहा कि अचानक हुए इस हादसे में 4 मजदूर चपेट में आए, जिनमें से तीन की मृत्यु हो गई। उन्होंने यह भी बताया कि मॉल का निर्माण कार्य 7 अगस्त से शुरू हुआ था और इस परियोजना के तहत दो बेसमेंट, एक लोअर फ्लोर और ग्राउंड प्लस 7 मंजिल की इमारत का निर्माण प्रस्तावित है।