राजीव गांधी खेल अभियान के तहत वर्ष 2014-15 में खेलकूद प्रतियोगिता हुई थीं। अब दो वर्ष बाद विजेता खिलाड़ियों को पुरस्कृत करने की याद आई है। पुरस्कार राशि 100 से लेकर 350 रुपये तक है। यह भी खिलाड़ियों को सीधे नहीं, उनके बैंक खाते में दिया जाएगा। बड़ी चुनौती खिलाड़ियों की तलाश और उनके खाते खुलवाना है।
युवा कल्याण एवं प्रादेशिक विकास दल विभाग को जिले के लिए 7,71,000 रुपये प्रदान किए गए हैं। इससे ब्लाक और जिले स्तर की खेलकूद प्रतियोगिता में प्रथम, द्वितीय और तृतीय स्थान पाने वाले खिलाड़ियों को पुरस्कृत किया जाना है। इनकी संख्या 1600 के करीब है। पुरस्कार राशि और उसके वितरण का निर्देश प्राप्त होने के बाद विभागीय अधिकारियों की मुश्किलें बढ़ गई हैं। दो वर्ष बाद सभी खिलाड़ियों की तलाश, उनकी उपलब्धता, बैंक खाता खुलवाना आदि कार्य करने होंगे। कुछ खिलाड़ियों से संपर्क किया गया है, पुरस्कार राशि कम होने से वह बैंक खाता खुलवाने में रुचि नहीं दिखा रहे।
ब्लाक स्तरीय खेलों के लिए पुरस्कार
स्थान रुपये
प्रथम 250
द्वितीय 150
तृतीय 100
जिला स्तरीय खेलों के लिए पुरस्कार
स्थान रुपये
प्रथम 350
द्वितीय 250
तृतीय 150
खिलाड़ियों की सूची विभाग के पास है, उससे तलाश कराई जा रही है। दिक्कत खिलाड़ियों के बैंक खाते खुलवाने में आ रही है। 100 से 350 रुपये के लिए लोग बैंक खाते खुलवाने में रुचि नहीं ले रहे।
आदित्य कुमार, जिला युवा कल्याण एवं प्रादेशिक विकास दल अधिकारी
दो वर्ष बाद खिलाड़ियों को तलाशना ही मुश्किल होगा। जो मिलेंगे भी इतनी कम पुरस्कार राशि के लिए बैंक खाता शायद ही खुलवाएं। खिलाड़ियों को तत्काल पुरस्कृत करना चाहिए। तभी पुरस्कार देने का उद्देश्य पूरा होता है।
- डा. हरी सिंह यादव, अध्यक्ष, जिला ओलंपिक संघ
15 ब्लाक, महज चार क्षेत्रीय अधिकारी
विभाग के पास खिलाड़ियों से संपर्क करने के लिए स्टाफ की भी कमी है। जिले के 15 में से महज चार में क्षेत्रीय युवा कल्याण अधिकारी तैनात हैं। इन्हीं को सभी ब्लाकों में संपर्क करना होगा।