एसपी सिटी ने बताया कि 18 जनवरी को नकुल, स्वेता, नीरज और मोनू ने मनीष उर्फ काला पर फायरिंग की थी। जिसमें मनीष बाल-बाल बच गया था। जिसका मुकदमा थाना उत्तर पुलिस ने दर्ज किया था। उपनिरीक्षक विकल सिंह ने स्वेता को गिरफ्तार कर जेल भेजा था। शेष तीन आरोपियों की गिरफ्तारी को प्रयास किए जा रहे थे। राजू भी हिस्ट्रीशीटर अपराधी है उस पर भी 18 मुकदमे दर्ज हैं।
16 पुलिसकर्मी भी नहीं पकड़ पाए थे मोनू को
फिरोजाबाद पुलिस के लिए सोनू-मोनू का गैंग कई बार चुनौती बना। सोनू-मोनू के साथ नकुल भी लूट, अपहरण और फायरिंग के मामले में कई बार जेल जा चुका है। चार साल पूर्व नकुल की गिरफ्तारी को दबिश देने मोहल्ला रामकिशन पहुंची पुलिस पर नकुल के भाई मोनू ने छत से पुलिस टीम पर फायरिंग की थी।
मोनू ने तमंचा लेकर पुलिस को काफी देकर तक छकाया था जबकि इस दौरान करीब 16 पुलिसकर्मी रायफलों के साथ गली में घेराबंदी किए हुए थे। फिर भी मोनू फायरिंग करते हुए पुलिस को चकमा देकर छत से कूदकर भाग गया था।