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टोल की आड़ में जनता की जेब पर डाका

Sat, 22 Aug 2015 02:04 AM IST
ब्यूरो अमर उजाला, आगरा
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फीरोजाबाद जिले में होते हुए भी टूंडला कल तक जो अपना सा लगता था, एनएचएआई ने उसमें बैरियर लगा दिया है। दबंगों के जरिए अब आगरा से टूंडला और एटा की तरफ जाने वालों से जबरन टोल वसूला जा रहा है। नहीं देने पर न सिर्फ उनसे बदसलूकी की जाती है, बल्कि बाउंसरों के जरिए उन्हें डराया और धमकाया जाता है। इसके लिए दबंगों की पूरी फौज हर समय तैनात रहती है। जाम में फंसना पड़ रहा है सो अलग।
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दिल्ली-हावड़ा-गुवाहाटी रूट का जंक्शन होने के कारण टूंडला, आगरा के लोगों के लिए काफी महत्वपूर्ण है। इस रूट पर हर रोज शहर के हजारों लोगों का आना-जाना रहता है। पर्यटकों की भी संख्या अच्छी खासी रहती है। एटा रूट का भी आगरा से कनेक्शन है। ऐसे में राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण (एनएचएआई) ने एत्मादपुर और टूंडला के बीच मुहम्दाबाद पर टोल प्लाजा शिफ्ट कर सभी की जेब पर डाका डालना शुरू करा दिया है। बता दें, 15 अगस्त से पहले तक यह टोल प्लाजा टूंडला और फीरोजाबाद के बीच में था। इससे आगरा की तरफ से टूंडला और एटा की ओर जाने वाले वालों को टोल टैक्स नहीं देना पड़ रहा था। नई व्यवस्था के तहत उन पर अतिरिक्त बोझ डाला जा रहा है। एनएचएआई ने यहां अस्थाई टोल बनाकर मुंबई की कंपनी ईगल को वसूली की जिम्मेदारी दे रखी है। कंपनी ने भी ऑफिस स्टाफ छोड़कर वसूली के लिए दबंगों को तैनात कर दिया है। टूंडला के आसपास के लोगों को भी यदि टूंडला किसी काम से जाना पड़ता है तो उनसे भी टैक्स की वसूली की जा रही है।

तीन महीने तक होगी वसूली
एनएचएआई ने बिना किसी योजना के टोल प्लाजा को मुहम्दाबाद पर शिफ्ट कर दिया।  दरअसल, फीरोजाबाद की ओर स्थित टोल प्लाजा को स्थाई रूप से विकसित किया जा रहा है। यहां टोल प्लाजा बनाने का काम शुरू किया है। इसी को देखते हुए तीन महीने के लिए इसे अस्थाई तौर पर मुहम्दाबाद पर शिफ्ट कर दिया।
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जब सुविधाएं नहीं तो टोल क्यों
हाईवे पर वसूली टोल के रूप में नहीं बल्कि यूजर चार्ज के रूप में होती है। जानकारों की मानें तो यूजर चार्ज भी वहां लिया जाता है, जहां इसके बदले सुविधाएं उपलब्ध कराई जाएं। मगर, अस्थाई टोल प्लाजा पर कोई सुविधा नहीं है। सिर्फ बैरियर लगाकर वसूली की जा रही है। जो नियम के विरुद्ध है। जानकारों का कहना है कि जब तक हाईवे या स्थाई टोल प्लाजा बनने का काम पूरा नहीं हो जाता, तब तक वसूली नहीं होनी चाहिए।

जाम के कारण छूट रहीं ट्रेनें
अस्थायी टोल प्लाजा से सबसे अधिक परेशानी रेल यात्रियों को हो रही है। यात्रियों की ट्रेनें टोल पर लगने वाले जाम में फंसकर छूट रही हैं।

टैक्सी चालकों में आक्रोश
रेलवे स्टेशन पर लगभग डेढ़ सौ टैक्सियां हैं और इतनी ही जीप-सूमो। आगरा हाईवे पर टोल प्लाजा बनने से टैक्सी चालक खासे परेशान हैं। रेल यात्रियों को आगरा, मथुरा आदि ले जाने वाले इन टैक्सी चालकों से टोल टैक्स को लेकर हर रोज विवाद हो रहा है। टैक्सी चालक यदि यात्री से टोल टैक्स देने की बात करते हैं तो वह भाड़े में से काटकर देता है। टैक्सी चालकों का कहना है पहले टोल प्लाजा आगे था, इससे आगरा मथुरा की तरफ जाने पर टोल नहीं देना पड़ता था। अब हमें एत्मादपुर भी जाना है तो पहले टोल देना होगा। टोल न देने पर उनके साथ अभद्रता की जाती है।

प्रशासन की मिलीभगत
बताते हैं कि प्रशासन की मिलीभगत से अस्थायी टोल प्लाजा बनाया गया है। इसे फीरोजाबाद हाईवे पर टूंडला व पुराने टोल प्लाजा के बीच चौड़ी व खुली जगह बनाया जा सकता था, लेकिन ऐसा सत्ताधारियों के दबाव के चलते किया गया।

इस पार से उस पार का भी टोल
टूंडला से एत्मादपुर व एत्मादपुर से टूंडला व्यापारियों, अधिवक्ताओं, चिकित्सकों, शिक्षकों से लेकर आम आदमी को दिन में दो चार बार आना-जाना पड़ता है। मात्र चार किमी दूरी के लिए वाहन चालकों को टोल टैक्स देना पड़ रहा है। इसे लेकर भी लोगों में गुस्सा भड़क रहा है।

खंदौली की तरफ से आने वालों पर दोहरी मार
यमुना एक्सप्रेस-वे से खंदौली की तरफ से आने वालों पर तो दोहरी मार पड़ रही है। वह पहले तो खंदौली टोल प्लाजा पर टोल दें, इसके बाद यदि उन्हें टूंडला या फिर एटा की ओर जाना हो तो उन्हें मुहम्दाबाद पर भी टोल देना पड़ रहा है।

 
 
दरअसल, पुराना टोला प्लाजा भी अस्थाई था। अब उसे स्थाई बनाया जा रहा है। कुछ दिनों के लिए टोल प्लाजा को मुहम्दाबाद पर शिफ्ट किया गया है। फीरोजाबाद की तरफ सड़क की चौड़ाई कम है, जबकि मुहम्दाबाद पर अधिक है। इसलिए जाम से बचने के चक्कर में यहां शिफ्ट किया गया है।
- एसबी सिंह, परियोजना निदेशक, एनएचएआई

हमें तो एनएचएआई ने जहां जगह उपलब्ध कराई, वहीं पर टोल वसूल रहे हैं। हमारा सिर्फ टोल वसूली का काम है, जगह उपलब्ध कराना एनएचएआई का काम है।
- शेषनाथ, मैनेजर, टोला प्लाजा

गलत तरीके से टोल प्लाजा शिफ्ट किया गया है। आगरा के बहुत से लोगों का हर रोज टूंडला जाना होता है। यह टोल प्लाजा फीरोजाबाद की ओर टूंडला पुल से उतरते ही शिफ्ट किया जा सकता था। इससे काम में अवरोध भी नहीं आता।
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- केसी जैन, सचिव, एडीएफ


 
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