मैनपुरी। फसलों में प्रयोग की जाने वाली तीन कीटनाशक दवाओं के नमूने जांच में फेल पाए गए हैं। निरीक्षण के दौरान जिला कृषि रक्षा अधिकारी ने ये नमूने जांच के लिए भेजे थे। रिपोर्ट आने के बाद विक्रेताओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। साक्ष्य सहित जवाब न देने पर उनका लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।
कृषि रक्षा विभाग फसलों में प्रयोग होने वाली रासायनिक दवाओं की गुणवत्ता बनाए रखने और ओवररेटिंग रोकने लिए कार्य करता है। इसी के चलते समय-समय पर दुुकानों का निरीक्षण कर कीटनाशक दवाओं के नमूने जांच के लिए भेजे जाते हैं। बीते कुछ महीनों में जांच के लिए भेजे गए कीटनाशक दवाओं के नमूनों में से तीन नमूने जांच में फेल पाए गए हैं। इसमें किसान बीज भंडार कीरतपुर से 13 दिसंबर 2021 को लिया गया इमिडाक्लोप्रिड 17.8 प्रतिशत, बाबूराम खाद भंडार चंदरनगर से 30 दिसंबर 2021 को लिया गया मैंकोजेब 75 प्रतिशत और संजीव ट्रेडिंग कंपनी रुस्तमपुर से लिया गया प्रोफेनोस 40 प्रतिशत प्लस साइपरमैथरिन चार प्रतिशत का नमूना शामिल हैं। तीनों कीटनाशक दवाओं के नमूने में दवा की मात्रा निर्धारित से कम पाई गई। इमिडाक्लोप्रिड के नमूने में दवा की मात्रा 17.8 प्रतिशत के सापेक्ष 5.23 प्रतिशत, मैंकोजेब 75 प्रतिशत में दवा की मात्रा 75 प्रतिशत के सापेक्ष 62.37 प्रतिशत और प्रोफेनोस 40 प्रतिशत प्लस साइपरमैथरिन चार प्रतिशत में दवा की मात्रा क्रमश 40 प्रतिशत के सापेक्ष 24.24 प्रतिशत और चार प्रतिशत के सापेक्ष 3.82 प्रतिशत पाई गई।
जिला कृषि रक्षा अधिकारी डॉ. सूर्यप्रताप सिंह तीनों विक्रेताओं को नोटिस जारी कर सात दिन में जवाब मांगा है। जवाब न देने पर उनका लाइसेंस निरस्त कर दिया जाएगा।
स्टॉक का विक्रय प्रतिबंधित
नोटिस में साफ कर दिया गया है कि संबंधित कीटनाशक दवा का विक्रय अब न किया ज्राए। जो भी दवा का स्टॉक दुकान पर उपलब्ध है उसकी बिक्री तत्काल रोक दी जाए। आदेश के बाद भी अगर संबंधित कीटनाशक दवा की बिक्री की बात सामने आती है तो विक्रेता के विरुद्घ विधिक कार्रवाई की जाएगी।
तीन कीटनाशक दवाओं के नमूने जांच में फेल हुए हैं। इनमें दवा की मात्रा निर्धारित से कम पाई गई है। तीनों विक्रेताओं को नोटिस जारी कर जवाब मांगा गया है। तय समय में जवाब न देने पर कार्रवाई की जाएगी।
-डॉ. सूर्यप्रताप सिंह, जिला कृषि रक्षा अधिकारी।