मैनपुरी। दस दिनों से चेयरमैन और उनके पति के विरोध में प्रदर्शन कर रहे सभासदों ने मंगलवार को अधिशासी अधिकारी (ईओ) नगर पालिका का घेराव किया। सभासदों ने अधिशासी अधिकारी से नगर पालिका में पिछले एक साल में हुए कार्यों पर हुए खर्च का ब्योरा तीन दिन में मांगा है। ब्योरा न मिलने पर कार्यालय में तालाबंदी की चेतावनी दी है।
नगर पालिका के 31 सभासद एकजुट होकर नगर पालिका चेयरमैन मनोरमा देवी और उनके पति लक्ष्मण गुप्ता के विरोध में हैं। पिछले 10 दिन से सभासद लगातार पालिका में प्रदर्शन और बैठकें कर रहे हैं। चेयरमैन उनके आंदोलन की तरफ ध्यान नहीं दे रही हैं। मंगलवार को आक्रोशित सभासदों ने नगर पालिका के सभागार में बैठक की। इसके बाद नारेबाजी करते हुए अधिशासी अधिकारी लालचंद भारती को ज्ञापन सौंपा। इसमें पिछले दो साल में नगर पालिका में कराए गए कार्यों का विवरण खर्च सहित मांगा है।
चेयरमैन से मांग की कि तीन दिन के अंदर पूरा विवरण उपलब्ध कराया जाए। सभासदों को आरोप है कि काम के नाम पर बड़ा भ्रष्टाचार किया गया है। अधिशासी अधिकारी का घेराव करने वालों में राजीव कुमार मिश्रा, विश्वनाथ सिंह, मधु यादव, फूलबहार, एलकार सिंह, संध्या, निर्दोश यादव, ब्रजेश कठेरिया, संजय कुमार, पुष्पा देवी, सुरेश चंद्र, रामा देवी, तेजप्रताप सिंह, धनेश वर्मा, निशांत जैन, दीपू गोस्वामी, लक्ष्मी देवी, दीपक सिंह, मालती देवी, प्रवीन कुमार, मीनू सिंह, देवेंद्र सिंह, रामनिवास वर्मा, संजीव यादव आदि लोग शामिल थे।
इन कार्यों का मांगा विवरण
- एक अप्रैल 2020 से 10 मार्च 2021 तक कितने वाहन खरीदे गए। -स्वच्छ भारत मिशन योजना के तहत क्या-क्या कार्य कराए गए और कितना धन खर्च हुआ।
- नगर पालिका में कितनी गाड़ी चल रही हैं और कितने रुपये का डीजल प्रतिदिन डाला जा रहा है।
- एक अप्रैल 2020 से 10 मार्च 2021 तक चूना की खरीद किस फर्म से और किसके हस्ताक्षर से की गई।
- नगर पालिका ने एक अप्रैल 2020 से 10 मार्च 2021 तक कितने नलकूप अपनी जिम्मेदारी में लिए।
- कितने नलकूप और कितनी पाइप लाइनों की रिपेयरिंग एक अप्रैल 2020 से 10 मार्च 2021 तक की गई।
- लाइट ठीक करने की जिम्मेदारी ईईएसएल कंपनी की है। कितने कर्मचारियों का भुगतान कंपनी कर रही है और कितने का भुगतान नगर पालिका ने किया है।
- नगर पालिका बोर्ड में प्रस्ताव पास होने के बाद पांच हजार ट्रॉली मिट्टी विभिन्न स्थानों पर पड़नी थी। अब तक कितनी मिट्टी डाली गई और कब टेंडर हुआ।
- नगर पालिका जो कार्य करा रहा है उसका आगणन उनके पास है कि नहीं है। क्या बिना आगणन के भुगतान किया जा सकता है।