तीन तलाक पर सुप्रीम कोर्ट के फैसले के पहले दिन ही आगरा में एक और मामला सामने आया है। आगरा की नेहा खान को पति ने दहेज न मिलने पर तीन तलाक देने की बात कही थी। शादी के सात साल बाद उसे घर से भी निकाल दिया। कोर्ट का फैसला आते ही पीड़िता पुलिस के पास पहुंची।
मंगलवार को आगरा के थाना हरीपर्वत में एसपी सिटी के पास शिकायत लेकर पहुंची नेहा खान ने बताया कि उसकी शादी 5 मई 2010 को आगरा के मोहल्ला ईदगाह कटघर निवासी मकबूल उर्फ बंटी के साथ हुई थी।
नेहा का मायका आगरा के ही मौहल्ला बंजा मदरसा में है। नेहा ने बताया कि शादी के बाद से ही पति और ससुराल वाले उसे दहेज के नाम पर परेशान करने लगे। उसके पिता की मौत के बाद तो उत्पीड़न और बढ़ गया।
नेहा ने बताया कि बीती 5 मई 2017 को शादी के ठीक सात साल बाद उसके पति ने उसे यह कहकर घर से निकाल दिया कि यदि कार नहीं लेकर आई तो तुझे तलाक दे दूंगा।
मंगलवार को सुप्रीम कोर्ट के फैसले ने नेहा का संबल बढ़ाया और वे अपनी शिकायत लेकर एसपी सिटी के पास पहुंच गई। नेहा का कहना है कि तीन तलाक को असंवैधानिक घोषित करने का कोर्ट का फैसला बिल्कुल सही है। मैं इससे बहुत खुश हूं और तीन तलाक को पूरी तरह से अस्वीकार करती हूं।